एफएसएसएआई ने ओल्ड मॉन्क, बैगपाइपर और रॉयल चैलेंज के कुछ वैरायटी पर आर्टिफिशियल फ्लेवर के कारण प्रतिबंध लगा दिया। यह कदम शराब में भ्रामक दावों को समाप्त करने के लिए उठाया गया है।

मुख्य बिंदु

  • ओल्ड मॉन्क, बैगपाइपर और रॉयल चैलेंज के चयनित वैरायटी पर प्रतिबंध
  • फ्लेवर में कृत्रिम घटकों के उपयोग की वजह से बैन
  • एफएसएसएआई की नई नीतियां शराब के लेबलिंग को कड़ी बनाती हैं

भारतीय खाद्य और औषधि सुरक्षा प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने हाल ही में ओल्ड मॉन्क, बैगपाइपर और रॉयल चैलेंज के कुछ फ्लेवर वाले संस्करणों पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह कदम उन उत्पादों में मौजूद नकली या कृत्रिम स्वादों को समाप्त करने के उद्देश्य से उठाया गया है, जिससे उपभोक्ता को वास्तविक जानकारी मिल सके।

एफएसएसएआई ने बताया कि इन शराबों में प्रयुक्त कुछ फ्लेवर यद्यपि प्राकृतिक नहीं हैं, पर उन्हें 'असली' या 'प्राकृतिक' बताया जा रहा था। यह भ्रामक विज्ञापन उपभोक्ता अधिकारों का उल्लंघन करता है, विशेषकर युवा वर्ग में शराब के सेवन को बढ़ावा दे सकता है।

नियंत्रण के तहत आई वैरायटी में ओल्ड मॉन्क का ‘कॉफ़ी एज़’ और ‘वनीला एज़’, बैगपाइपर का ‘क्लासिक एज़’ (कृत्रिम स्वाद के साथ) और रॉयल चैलेंज का ‘स्पाइस्ड एज़’ शामिल हैं। इन सभी पर अब से बिक्री, वितरण और विज्ञापन पर रोक लगाई गई है।

इतिहासिक पृष्ठभूमि

पिछले कुछ वर्षों में भारतीय शराब बाजार में कई बार फ्लेवर‑आधारित वैरायटी लॉन्च हुई हैं, जिनमें अक्सर ‘फ्रूट’, ‘स्पाइस्ड’ या ‘डेज़र्ट’ जैसे आकर्षक नाम दिए गए। हालांकि, 2022 में एफएसएसएआई ने पहले ही कुछ ब्रांडों को चेतावनी जारी कर दी थी, लेकिन व्यापक कार्रवाई अब तक नहीं हुई थी।

यह क्यों महत्वपूर्ण है

BozokMedia विश्लेषण दिखाता है कि इस कदम से न केवल उपभोक्ता सुरक्षा बेहतर होगी, बल्कि उद्योग में पारदर्शिता भी बढ़ेगी। प्रतिबंध का असर शराब निर्माताओं को वास्तविक सामग्री के साथ उत्पाद लांच करने के लिए प्रेरित करेगा, जिससे बाजार में विश्वास पुनः स्थापित होगा।

"कृत्रिम फ्लेवर को ‘प्राकृतिक’ लेबल करना उपभोक्ता धोखा है; इसे रोकना आवश्यक है," कहते हैं खाद्य नियामक विशेषज्ञ डॉ. अनीता शर्मा।
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बैगपाइपरक्लासिक एज़ (आर्टिफिशियल)भ्रामक लेबलिंग
रॉयल चैलेंजस्पाइस्ड एज़नकली स्वाद दावे
क्या आप जानते हैं?: 2020 में भारत में शराब की कुल बिक्री में 12% वृद्धि हुई, जिसमें फ्लेवर‑आधारित वैरायटी का बड़ा योगदान था।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न 1: क्या सभी ओल्ड मॉन्क उत्पादों पर प्रतिबंध है?
उत्तर: नहीं, केवल उन वैरायटी पर प्रतिबंध है जिनमें कृत्रिम फ्लेवर का उपयोग किया गया है।

प्रश्न 2: क्या इस प्रतिबंध के बाद नई वैरायटी लॉन्च की जा सकती हैं?
उत्तर: हाँ, लेकिन उन्हें सच्चे सामग्री और पारदर्शी लेबलिंग के साथ होना आवश्यक है।