अमेरिकी टेक दिग्गज गूगल ने पाकिस्तान सरकार के साथ समझौता कर देश के छात्रों को एक साल तक उन्नत AI टूल्स का मुफ्त उपयोग प्रदान किया। यह कदम आर्थिक कठिनाइयों में फँसे पाकिस्तान की शिक्षा और तकनीकी क्षमताओं को सशक्त बनाने की आशा रखता है।
- गूगल ने पाकिस्तान के छात्रों को AI टूल्स का एक साल मुफ्त एक्सेस दिया
- डिजिटल स्किल्स सर्टिफिकेट कार्यक्रम में 1.5 लाख प्रमाणपत्रों का लक्ष्य
- इस्तांबुल में AI Centre of Excellence की स्थापना की गई
नई दिल्ली, 24 अगस्त 2026 – आर्थिक संकट और बेरोज़गारी की मार झेलते पाकिस्तान ने अमेरिकी टेक कंपनी गूगल के साथ एक नया समझौता किया है। इस समझौते के तहत, देश के स्नातक और पोस्ट‑ग्रेजुएट छात्रों को गूगल के उन्नत AI प्लेटफ़ॉर्म, जिसमें Gemini और AI‑Plus शामिल हैं, एक साल तक मुफ्त में उपलब्ध कराया जाएगा।
साथ ही, गूगल ने डिजिटल कौशल सर्टिफिकेट कार्यक्रम को विस्तारित करने की घोषणा की है, जिसका लक्ष्य 2026 तक 1.5 लाख छात्रों को प्रमाणपत्र प्रदान करना है। यह पहल छात्रों को वैश्विक नौकरी बाजार में प्रतिस्पर्धी बनाने हेतु आवश्यक तकनीकी ज्ञान प्रदान करने पर केन्द्रित है।
समझौते में इस्लामाबाद में एक AI Centre of Excellence स्थापित करने का प्रावधान भी शामिल है। इस सेंटर के माध्यम से स्थानीय युवाओं को AI‑आधारित कृषि, वित्तीय सेवाओं और सरकारी कार्यों में प्रशिक्षण देने की योजना है, जिससे उत्पादकता और डिजिटल ट्रांसफ़ॉर्मेशन को तेज़ी मिलेगी।
गूगल के अनुसार, इस पहल से कृषि में फसल निगरानी, मौसम पूर्वानुमान और टिकाऊ खेती के लिए AI के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा। इसी प्रकार, फेडरल बोर्ड ऑफ रेवेन्यू (FBR) के डिजिटलाइजेशन प्रोजेक्ट में डेटा एनालिटिक्स के लिए AI टूल्स का प्रयोग किया जाएगा, जिससे कर संग्रह में पारदर्शिता और दक्षता आएगी।
डिजिटल सुरक्षा को भी नजर में रखते हुए, गूगल.org ने पहले ही पाकिस्तान में 5 लाख डॉलर का निवेश कर Digital Pasban पहल शुरू की थी, जिसका उद्देश्य 2 लाख परिवारों को उर्दू भाषा में डिजिटल सुरक्षा टूलकिट और पैरेंटल वर्कशॉप उपलब्ध कराना था।
समझौते के तहत एक टास्क‑फ़ोर्स भी बनाया जाएगा, जो आईटी निर्यात और टेक सेक्टर को सुदृढ़ करने हेतु बाधाओं की पहचान और समाधान पर काम करेगा। इस समूह में सरकारी अधिकारी, गूगल प्रतिनिधि और स्थानीय टेक उद्योग के विशेषज्ञ शामिल होंगे।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that providing free AI access to a nation grappling with economic hardship can catalyze a digital renaissance, potentially reducing brain‑drain and fostering home‑grown innovation.
"AI शिक्षा का लोकतंत्रीकरण पाकिस्तान को वैश्विक टेक लीडरशिप की ओर अग्रसर कर सकता है," कहा तकनीकी विशेषज्ञ डॉ. अली हुसैन ने।
Frequently Asked Questions
Q1: क्या यह मुफ्त एक्सेस सभी विश्वविद्यालयों के छात्रों के लिए उपलब्ध होगा?
A: हाँ, पाकिस्तान के मान्यता प्राप्त सभी विश्वविद्यालयों के स्नातक और पोस्ट‑ग्रेजुएट छात्रों को यह सुविधा मिलेगी।
Q2: मुफ्त अवधि के बाद टूल्स का उपयोग कैसे किया जा सकेगा?
A: अवधि समाप्त होने पर छात्रों को वैकल्पिक सशुल्क प्लान या गूगल के विशेष छात्र छूट वाले पैकेज का विकल्प दिया जाएगा।