प्रिमियर लीग की पेशेवर टीम टोटनहैम हॉटस्पर ने अपने स्टेडियम के सर्वर को HPE के Morpheus VME में बदलकर लाइसेंस शुल्क में 85% से अधिक बचत की। टीम के CTO ने Broadcom के अधिग्रहण से जुड़ी समस्याओं को इस कदम का मुख्य कारण बताया।
- टोटनहैम ने लाइसेंस शुल्क में 85% से अधिक बचत हासिल की।
- परिवर्तन HPE के Morpheus VM Essentials (VME) और GreenLake प्लेटफ़ॉर्म पर हुआ।
- CTO ने Broadcom के takeover से जुड़ी चुनौतियों को प्रमुख कारण बताया।
पृष्ठभूमि
टोटनहैम हॉटस्पर, प्रीमियर लीग की एक प्रमुख फुटबॉल क्लब, अपने स्टेडियम में उपयोग किए जाने वाले VMware इन्फ्रास्ट्रक्चर को लेकर उच्च लागतों का सामना कर रहा था। कंपनी ने पहले Broadcom द्वारा अधिग्रहित VMware उत्पादों का उपयोग किया था, लेकिन शुल्क संरचना अस्पष्ट थी।
माइग्रेशन विवरण
क्लब ने अपने सर्वर, स्टोरेज और नेटवर्किंग को Hewlett‑Packard Enterprise (HPE) के हाइब्रिड क्लाउड मैनेजमेंट प्लेटफ़ॉर्म GreenLake के माध्यम से Morpheus VM Essentials (VME) पर स्थानांतरित किया। इस प्रक्रिया में HPE के OpsRamp सॉफ्टवेयर का भी उपयोग किया गया, जो मल्टी‑क्लाउड वातावरण को प्रबंधित करता है।
वित्तीय प्रभाव
टोटनहैम के CTO, रॉब पिकरिंग, ने बताया कि नई व्यवस्था ने लाइसेंस शुल्क में 85% से अधिक की कटौती की, जिससे क्लब को सालाना करोड़ों पाउंड की बचत हुई। यह बचत टीम को खिलाड़ियों की भर्ती और बुनियादी ढाँचे में पुनः निवेश करने की अनुमति देती है।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that major sports franchises adopting HPE’s hybrid‑cloud solutions can dramatically reduce operating costs while gaining agility. The shift also signals a broader industry trend where legacy virtualization vendors face pressure from integrated cloud providers.
"VMware की लागत‑प्रभावशीलता पर सवाल उठाने वाले कई बड़े ग्राहक अब HPE जैसे विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं," एक क्लाउड रणनीति विशेषज्ञ ने कहा।
Frequently Asked Questions
Q1: क्या यह माइग्रेशन टोटनहैम के मैच‑दिन संचालन को प्रभावित करेगा?
Answer: नहीं, HPE ने संक्रमण को ऑफ‑सीज़न में पूरा किया, जिससे मैच‑दिन की कोई बाधा नहीं आई।
Q2: Broadcom के takeover के बाद VMware की कीमतें क्यों बढ़ीं?
Answer: Broadcom ने कई एंटरप्राइज़ सॉफ़्टवेयर लाइसेंस को पुनः मूल्यांकन किया, जिससे मौजूदा अनुबंधों की लागत में वृद्धि हुई।