भारतीय मौसम विभाग ने उत्तराखंड, हिमाचल, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पूर्वोत्तर में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, जबकि राजस्थान में तेज़ धूल‑भरी आंधी की संभावना है। दिल्ली‑उत्तर प्रदेश में मौसम सामान्य रहेगा, परन्तु कई हाईवे बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित हो सकते हैं।
मुख्य बिंदु (Key Takeaways)
- उत्तराखंड‑हिमाचल में रेड अलर्ट – भारी‑से‑बहुत भारी बारिश
- रajasthan में 30‑40 किमी/घंटा की धूल‑भरी तेज़ हवाएँ
- पश्चिम बंगाल‑ओडिशा में अगले 4‑5 दिनों तक लगातार बारिश की चेतावनी
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 13 जुलाई 2026 को एक विस्तृत मौसम चेतावनी जारी की, जिसमें उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट दिया गया है। इन क्षेत्रों में रेड या येलो अलर्ट जारी होने से स्थानीय प्रशासन को आपातकालीन तैयारियों को तेज़ करने का संकेत मिला है।
उत्तराखंड‑हिमाचल में रेड अलर्ट
उत्तरी हिमालयी क्षेत्रों में आज‑कल तेज़ बरसात के साथ साथ भूस्खलन की घटनाएँ बढ़ी हैं। उत्तराखंड में 126 सड़कों, जिनमें दो राष्ट्रीय हाईवे शामिल हैं, बंद हो चुके हैं। यमुनोत्री राजमार्ग, ऋषिकेश‑यमुनोत्री राष्ट्रीय हाईवे और कई ग्रामीण मार्ग बाढ़‑भरे पानी और ढहाव के कारण अनुपलब्ध हैं। स्थानीय प्रशासन ने यात्रियों को वैकल्पिक मार्ग अपनाने और आपातकालीन सहायता के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया है।
रajasthan में धूल‑भरी तेज़ हवाएँ
विपरीत रूप से, राजस्थान में अगले 5‑6 दिनों तक पूर्वी भाग में सूखा रहेगा, परन्तु शेखावाटी, जयपुर और भरतपुर में 13‑15 जुलाई के बीच हल्की बारिश की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान में 30‑40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से धूल‑भरी तेज़ हवाएँ चलने की चेतावनी जारी है, जिससे दृश्यता घटेगी और स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। ग्रामीण क्षेत्रों में फसल क्षति और वाहन दुर्घटनाओं की संभावना को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है।
पश्चिम बंगाल‑ओडिशा में लगातार बारिश
पश्चिम बंगाल में कोचबिहार के पुंडिबारी में 89 mm तक की बारिश दर्ज हुई, और उप‑हिमालयी एवं दक्षिणी जिलों में भी भारी बारिश की संभावना है। ओडिशा में अगले चार दिनों में कई जिलों में गरज‑बिजली के साथ भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया, जिससे कृषि‑उत्पादन और जल‑संकट प्रबंधन दोनों पर प्रभाव पड़ेगा। इस वर्ष ओडिशा में 348.1 mm बारिश हुई है, जो सामान्य से 8 % अधिक है।
दिल्ली‑उत्तरी प्रदेश में सामान्य मौसम
दिल्ली में अधिकतम तापमान 35‑36 °C और न्यूनतम 26‑28 °C रहने की संभावना है, जबकि उत्तर प्रदेश में अगले तीन‑चार दिनों तक बारिश की संभावना नहीं है। दोनों क्षेत्रों में मौसमी तापमान में कोई बड़ा परिवर्तन नहीं दिख रहा, जिससे गर्मी के सत्र में राहत मिल सकती है।
समग्र रूप से, यह मौसमी परिदृश्य भारत के विभिन्न हिस्सों में असमान जलवायु स्थितियों को उजागर करता है, जहाँ एक ओर भारी बरसात से बाढ़‑भारी स्थितियाँ बन रही हैं, तो दूसरी ओर धूल‑भरी आँधी से स्वास्थ्य‑संबंधी जोखिम बढ़ रहे हैं। नागरिकों को स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन करना, आपातकालीन किट तैयार रखना और यात्रा योजनाओं को पुनः मूल्यांकन करना आवश्यक है।