निती आयोग के 2026 निवेश‑मित्रता सूचकांक में गुजरात ने 56.6 अंक हासिल कर शीर्ष स्थान पाया। महाराष्ट्र और तमिलनाडु क्रमशः दूसरे‑तीसरे स्थान पर हैं, जिससे निवेशकों के लिए राज्य‑स्तर की प्रतिस्पर्धा तीव्र हो रही है।
मुख्य बातें
- गुजरात ने 56.6 अंक प्राप्त कर 2026 निवेश‑मित्रता सूचकांक में पहला स्थान हासिल किया।
- महाराष्ट्र (53.7) और तमिलनाडु (53.3) क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।
- उच्च रैंकिंग राज्य को घरेलू एवं विदेशी निवेशकों के लिए अधिक आकर्षक बनाती है।
निती आयोग द्वारा 2026 के लिए जारी किए गए निवेश‑मित्रता सूचकांक में गुजरात ने भारत का सबसे निवेश‑अनुकूल राज्य के रूप में शीर्ष स्थान हासिल किया, जबकि महाराष्ट्र और तमिलनाडु क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
2015 में शुरू किया गया यह सूचकांक राज्य की शासन व्यवस्था, बुनियादी ढाँचा, नीतिगत समर्थन और व्यापार की सहजता पर आधारित है। पिछले वर्षों में गुजरात ने सक्रिय सुधारों और मजबूत औद्योगिक नीतियों के कारण लगातार उच्च स्थान बनाए रखा है।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि शीर्ष स्थान वाले राज्य में निजी निवेश 15 % तक अधिक आकर्षित हो सकता है, जिससे फैक्ट्री, लॉजिस्टिक हब और स्टार्ट‑अप इकोसिस्टम पर बड़ा असर पड़ता है।
“निवेशक उन राज्यों को प्राथमिकता देते हैं जहाँ नीति स्पष्ट हो और बुनियादी ढाँचा भरोसेमंद हो; गुजरात का स्कोर उसकी प्रतिस्पर्धात्मक शक्ति को दर्शाता है।” – डॉ. अनन्या शर्मा, अर्थशास्त्री।
Did You Know?
Frequently Asked Questions
- निवेश‑मित्रता सूचकांक किन मानकों पर आधारित है? यह शासन, बुनियादी ढाँचा, नीति माहौल और व्यापार की सहजता को मापता है।
- कम अंक वाले राज्य अपनी रैंकिंग कैसे सुधार सकते हैं? व्यावसायिक‑हितैषी सुधार, बुनियादी ढाँचे का उन्नयन और नियामक प्रक्रियाओं को सरल बनाकर।