केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शहरी सहकारी बैंकों (UCBs) को तकनीकी सहायता और जमाकर्ताओं का भरोसा बढ़ाने के लिए NUCFDC से जुड़ने का आग्रह किया है। उन्होंने RBI की सक्रिय भूमिका की भी सराहना की।

मुख्य बातें

  • अमित शाह ने UCBs को NUCFDC के साथ तकनीकी सहयोग के लिए जुड़ने को कहा।
  • NUCFDC का मुख्यालय नई दिल्ली से महाराष्ट्र स्थानांतरित किया जाएगा।
  • RBI ने दो दशकों के बाद UCBs के लिए लाइसेंस जारी करना फिर से शुरू किया है।
  • भारत में 1,400 UCBs हैं, जिनके पास लगभग ₹6 लाख करोड़ की जमा राशि है।

केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मुंबई में आयोजित 'सहकार नव-क्रांति मेलाव' के दौरान शहरी सहकारी बैंकों (UCBs) के भविष्य को लेकर एक महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किया है। उन्होंने बैंकों से अपील की है कि वे National Urban Cooperative Finance and Development Corporation Limited (NUCFDC) के साथ मिलकर काम करें ताकि उन्हें उन्नत तकनीकी सहायता मिल सके और जमाकर्ताओं का विश्वास और मजबूत हो सके।

शाह ने यह भी घोषणा की कि NUCFDC का मुख्यालय जल्द ही नई दिल्ली से स्थानांतरित होकर महाराष्ट्र में आ जाएगा। उन्होंने इस निर्णय के पीछे का कारण बताते हुए कहा कि देश के 70% शहरी सहकारी बैंक महाराष्ट्र, गुजरात, गोवा और कर्नाटक जैसे राज्यों में स्थित हैं।

RBI की भूमिका और सुधार

मंत्री शाह ने भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि RBI इस क्षेत्र की मदद करने के लिए अत्यधिक सक्रिय रहा है। हाल के वर्षों में, RBI ने शाखा खोलने के नियमों को उदार बनाया है, गोल्ड लोन की सीमा बढ़ाई है और UCBs को डोरस्टेप बैंकिंग जैसी सुविधाएं प्रदान करने की अनुमति दी है।

RBI और UCBs के बीच के दृष्टिकोण के अंतर को मिटाना आवश्यक है ताकि सहकारी बैंकिंग का विकास हो सके।

BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, RBI द्वारा दो दशकों के अंतराल के बाद लाइसेंसिंग प्रक्रिया को फिर से शुरू करना सहकारी बैंकिंग क्षेत्र में एक नए युग की शुरुआत है। RBI ने एक चार-स्तरीय नियामक संरचना भी पेश की है जो पारदर्शिता सुनिश्चित करती है।

Why This Matters

शहरी सहकारी बैंकों का डिजिटलीकरण और सुरक्षा अब अनिवार्य है। NUCFDC के माध्यम से बैंकों को 'सिक्योरिटी ऑपरेशन सेंटर' और 'म्यूल हंटर' (Mule Hunter) जैसे उन्नत सॉफ्टवेयर की सुविधा मिलेगी, जो धोखाधड़ी रोकने में सहायक होंगे।

क्या आप जानते हैं?: भारत में लगभग 1,400 शहरी सहकारी बैंक हैं, जो देश की अर्थव्यवस्था में ₹6 लाख करोड़ से अधिक की जमा राशि का प्रबंधन करते हैं।

Frequently Asked Questions

1. NUCFDC क्या है?
यह एक संस्था है जो शहरी सहकारी बैंकों को तकनीकी सहायता, प्रशिक्षण और सुरक्षा सुविधाएं प्रदान करने के लिए एक अम्ब्रेला बॉडी के रूप में कार्य करती है।

2. NUCFDC का मुख्यालय कहाँ स्थानांतरित हो रहा है?
इसका मुख्यालय नई दिल्ली से महाराष्ट्र स्थानांतरित किया जा रहा है।