भारतीय बुलियन मार्केट में सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी देखी गई है। अगस्त महीने में ही सोना ₹11,000 महंगा हो चुका है, जिससे निवेशकों और खरीदारों के बीच हलचल बढ़ गई है।
- 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत ₹1,804 बढ़कर ₹1.54 लाख हुई।
- एक किलो चांदी की कीमत ₹1,800 की वृद्धि के साथ ₹2.36 लाख पर पहुंची।
- अगस्त माह में सोना ₹11,000 और चांदी ₹18,000 महंगी हुई।
भारतीय सराफा बाजार में एक बार फिर सोने और चांदी की कीमतों ने रफ्तार पकड़ ली है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, 17 अगस्त को 24 कैरेट सोने की कीमत में ₹1,804 की सीधी बढ़ोतरी दर्ज की गई, जिससे अब 10 ग्राम सोने का भाव ₹1.54 लाख के स्तर पर पहुंच गया है। इसी तरह, चांदी की कीमतों में भी ₹1,800 का उछाल आया है, जिससे एक किलो चांदी अब ₹2.36 लाख में मिल रही है।
इस महीने की तेजी सबसे अधिक चौंकाने वाली है। अगस्त के शुरुआती 17 दिनों में ही सोने की कीमतों में ₹11,000 और चांदी में ₹18,000 की भारी वृद्धि देखी गई है। यह उछाल वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं और सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की बढ़ती मांग को दर्शाता है।
ऐतिहासिक रुझान और बाजार विश्लेषण
वर्ष 2026 की शुरुआत से ही कीमती धातुओं में तेजी का दौर जारी है। 31 दिसंबर 2025 को सोने की कीमत ₹1.33 लाख के ऊपर थी, जो अब ₹1.54 लाख तक जा पहुंची है, यानी साल की शुरुआत से अब तक लगभग ₹21,000 की वृद्धि। चांदी की बात करें तो यह 31 दिसंबर 2025 को ₹2.30 लाख प्रति किलो थी, जो अब ₹2.36 लाख हो गई है। गौरतलब है कि 29 जनवरी को सोने ने ₹1.76 लाख और चांदी ने ₹3.86 लाख का अपना सर्वकालिक उच्च स्तर (All-time High) छुआ था।
| धातु | दिसंबर 2025 भाव | वर्तमान भाव (अगस्त) | कुल वृद्धि |
|---|---|---|---|
| सोना (10g) | ₹1.33 लाख+ | ₹1.54 लाख | ₹21,000 |
| चांदी (1kg) | ₹2.30 लाख | ₹2.36 लाख | ₹6,000 |
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि सोने की कीमतों में यह उतार-चढ़ाव केवल स्थानीय मांग पर निर्भर नहीं है, बल्कि वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने के भंडार बढ़ाने की रणनीति का परिणाम है। जब शेयर बाजार में अस्थिरता बढ़ती है, तो निवेशक सुरक्षित विकल्प के रूप में सोने की ओर रुख करते हैं, जिससे कीमतें बढ़ती हैं।
कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया के अनुसार, साल के अंत तक सोना ₹1.60 लाख और चांदी ₹2.80 लाख के स्तर को छू सकती है।खरीदारी और शुद्धता की पहचान
विशेषज्ञों का सुझाव है कि उपभोक्ता हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) हॉलमार्क वाला सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें। हॉलमार्क कोड (जैसे AZ4524) सोने की शुद्धता सुनिश्चित करता है। इसके अलावा, चांदी की शुद्धता जांचने के लिए मैग्नेट टेस्ट (असली चांदी चुंबक से नहीं चिपकती) और आइस टेस्ट का उपयोग किया जा सकता है।
क्या आप जानते हैं?: असली चांदी की पहचान के लिए उसे सफेद कपड़े से रगड़ने पर यदि काला निशान आता है, तो वह शुद्ध चांदी होने की अधिक संभावना होती है।Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: क्या अभी सोने में निवेश करना सही समय है?
विशेषज्ञों के अनुसार, निवेश किया जा सकता है लेकिन एकमुश्त राशि लगाने के बजाय धीरे-धीरे निवेश करना (SIP मोड) बेहतर है।प्रश्न 2: हॉलमार्किंग क्यों जरूरी है?
हॉलमार्किंग यह सुनिश्चित करती है कि आप जिस कैरेट का सोना खरीद रहे हैं, उसकी शुद्धता उतनी ही है, जिससे भविष्य में रीसेल वैल्यू सही मिलती है।