सेबी अध्यक्ष तुहिन कांता पांडे ने स्पष्ट किया है कि क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) में किसी भी प्रकार की हेरफेर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने पारदर्शिता बनाए रखने और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाने का संकेत दिया है।

  • सेबी अध्यक्ष ने क्लोजिंग ऑक्शन सिस्टम (CAS) में हेरफेर करने वालों के खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
  • नियामक एआई (AI) और मशीन लर्निंग के जिम्मेदार उपयोग के लिए नए दिशा-निर्देश जारी करेगा।
  • F&O सेगमेंट में अत्यधिक अस्थिरता को नियंत्रित करने के लिए नए डेटा का विश्लेषण किया जाएगा।
  • एसएमई (SME) आईपीओ और पोर्टफोलियो प्रबंधन सेवाओं (PMS) में बड़े सुधार की तैयारी है।

भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के अध्यक्ष तुहिन कांता पांडे ने बुधवार को मुंबई में आयोजित FICCI के कैपिटल मार्केट्स कॉन्फ्रेंस में एक कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि हाल ही में शुरू किए गए क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) तंत्र के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पांडे ने जोर देकर कहा कि CAS का मुख्य उद्देश्य बाजार में पारदर्शिता लाना है, न कि इसे बदनाम करने या लाभ कमाने के लिए हेरफेर करना।

नए क्लोजिंग ऑक्शन सिस्टम के लागू होने के बाद से बाजार में कुछ उतार-चढ़ाव देखे गए हैं। चूंकि व्यापारी अभी भी इस नई प्रणाली के साथ तालमेल बिठा रहे हैं, इसलिए ट्रेडिंग वॉल्यूम में कमी और निफ्टी 50 एवं सेंसेक्स के बीच कीमतों में अंतर देखा गया है। हालांकि, पांडे ने विश्वास जताया कि भागीदारी में सुधार हो रहा है और नियामक बाजार की बाधाओं को दूर करने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहा है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि भारतीय शेयर बाजार वर्तमान में एक महत्वपूर्ण संक्रमण काल से गुजर रहा है। क्लोजिंग ऑक्शन सिस्टम में पारदर्शिता सुनिश्चित करना न केवल संस्थागत निवेशकों के लिए, बल्कि खुदरा निवेशकों के भरोसे को बनाए रखने के लिए भी अनिवार्य है। यदि इस नए तंत्र में हेरफेर की अनुमति दी जाती है, तो यह बाजार की अखंडता को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है।

यदि कोई CAS सिस्टम में हेरफेर करके इसे बदनाम करने की कोशिश करता है, तो वे गलतफहमी में हैं; हम तत्काल कार्रवाई करेंगे।

इसके अलावा, सेबी फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट के लिए 2025-26 का डेटा जारी करने वाला है। यह डेटा यह समझने में महत्वपूर्ण होगा कि क्या लॉट साइज बढ़ाने और एक्सपायरी की संख्या सीमित करने जैसे हालिया उपायों ने बाजार की अत्यधिक अस्थिरता को कम करने में सफलता पाई है। पूर्व अध्ययनों में पाया गया था कि 90% से अधिक खुदरा निवेशक F&O में नुकसान उठाते हैं, जो एक गंभीर चिंता का विषय है।

तकनीकी मोर्चे पर, सेबी जल्द ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग के उपयोग के लिए दिशानिर्देश जारी करेगा। इन दिशानिर्देशों में 'किल स्विच' (Kill Switch) और 'ह्यूमन इन द लूप' (Humans in the Loop) जैसे नियंत्रण शामिल होंगे ताकि नवाचार और निवेशक सुरक्षा के बीच संतुलन बनाया जा सके।

Frequently Asked Questions

1. क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) क्या है?
CAS एक नया तंत्र है जिसे बाजार बंद होने के समय कीमतों में पारदर्शिता और सटीकता लाने के लिए पेश किया गया है।

2. सेबी AI के उपयोग पर क्या नियम ला रहा है?
सेबी AI के लिए एक स्तरीय दृष्टिकोण अपनाएगा जिसमें जवाबदेही, डेटा नियंत्रण और मानवीय निगरानी (Humans in the Loop) पर जोर दिया जाएगा।

Did You Know?: सेबी के एक अध्ययन के अनुसार, खुदरा निवेशकों के F&O सेगमेंट में भारी नुकसान की संभावना बहुत अधिक होती है, जिससे बाजार में जोखिम प्रबंधन की आवश्यकता बढ़ जाती है।