केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने घोषणा की है कि भारत ने 300 GW गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता का आंकड़ा पार कर लिया है, जो 2030 तक 500 GW के लक्ष्य की ओर एक बड़ा कदम है।

  • भारत की गैर-जीवाश्म ईंधन क्षमता 300.50 GW तक पहुंच गई है।
  • कुल स्थापित बिजली क्षमता में गैर-जीवाश्म ईंधन की हिस्सेदारी 54% से अधिक है।
  • सौर ऊर्जा 164.59 GW के साथ सबसे बड़ा योगदानकर्ता है।
  • 2030 तक 500 GW का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित है।

भारत ने स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। केंद्रीय नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी ने मुंबई में आयोजित 'भारत नवीकरणीय ऊर्जा शिखर सम्मेलन और एक्सपो 2026' के दौरान घोषणा की कि देश ने 300 GW की स्थापित गैर-जीवाश्म ईंधन क्षमता का महत्वपूर्ण मील का पत्थर पार कर लिया है।

31 जुलाई तक के आंकड़ों के अनुसार, भारत की गैर-जीवाश्म ईंधन क्षमता 300.50 GW दर्ज की गई है, जो देश की कुल स्थापित बिजली उत्पादन क्षमता का 54% से अधिक हिस्सा है। इसमें सौर ऊर्जा की भूमिका सबसे प्रमुख रही है, जो 164.59 GW के साथ सबसे बड़ा योगदान दे रही है। यह प्रगति दर्शाती है कि भारत वैश्विक ऊर्जा संक्रमण (Energy Transition) में एक अग्रणी भूमिका निभा रहा है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि भारत की यह तीव्र प्रगति न केवल जलवायु परिवर्तन के लक्ष्यों को पूरा करने में मदद करेगी, बल्कि ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने और आयातित जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम करने में भी महत्वपूर्ण होगी। सौर ऊर्जा में इतनी बड़ी हिस्सेदारी वैश्विक निवेशकों के लिए भारत को एक आकर्षक गंतव्य बनाती है।

भारत अब एक 'सोलर सुपरपावर' के रूप में उभर रहा है, जो वैश्विक हरित ऊर्जा परिदृश्य को बदल देगा।

मंत्री जोशी ने PM सूर्य घर योजना की सफलता पर भी प्रकाश डाला, जिसके तहत लगभग 19 लाख लाभार्थियों को शून्य बिजली बिल का लाभ मिल रहा है। उन्होंने बताया कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद, अंतरराष्ट्रीय निवेशक भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में गहरी रुचि दिखा रहे हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

भारत ने पेरिस समझौते और COP लक्ष्यों के तहत अपने कार्बन उत्सर्जन को कम करने की प्रतिबद्धता जताई थी। पिछले दशक में, भारत ने कोयले पर अपनी निर्भरता को कम करने और सौर एवं पवन ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए कई नीतिगत सुधार किए हैं, जिसका परिणाम आज इस 300 GW की उपलब्धि के रूप में सामने आया है।

Did You Know?: महाराष्ट्र ने पिछले वर्ष 45,911 सौर कृषि पंप स्थापित करके एक गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है।

Frequently Asked Questions

1. भारत का 2030 तक का नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य क्या है?
भारत का लक्ष्य 2030 तक 500 GW गैर-जीवाश्म ईंधन क्षमता प्राप्त करना है।

2. सौर ऊर्जा का वर्तमान योगदान कितना है?
वर्तमान में सौर ऊर्जा का योगदान 164.59 GW है, जो कुल गैर-जीवाश्म क्षमता का एक बड़ा हिस्सा है।