फूड डिलीवरी दिग्गज जोमैटो ने अपने ऑपरेशन्स को पुनर्गठित करते हुए लगभग 240-250 कर्मचारियों की छंटनी की है। कंपनी ने प्रभावित कर्मचारियों को विदाई पैकेज के रूप में 4 महीने का वेतन देने का निर्णय लिया है।
- जोमैटो ने लगभग 240-250 कर्मचारियों को कंपनी से बाहर किया है।
- प्रभावित कर्मचारियों को 4 महीने का वेतन बतौर सेवरेंस पैकेज दिया गया है।
- यह छंटनी मुख्य रूप से हैदराबाद सपोर्ट सेंटर और ऑपरेशन्स टीम को प्रभावित करती है।
भारत की प्रमुख फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स कंपनी जोमैटो (Zomato) ने एक बड़ा संगठनात्मक बदलाव करते हुए अपने वर्कफोर्स में कटौती की है। हालिया रिपोर्टों के अनुसार, कंपनी ने लगभग 240 से 250 कर्मचारियों को नौकरी से निकालने का फैसला किया है। यह निर्णय कंपनी की आंतरिक कार्यक्षमता को बढ़ाने और परिचालन लागत को कम करने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, सोमवार को प्रभावित कर्मचारियों को इस फैसले की जानकारी दी गई। कंपनी ने इस प्रक्रिया को मानवीय बनाने के लिए एक उदार विदाई पैकेज की पेशकश की है, जिसमें 4 महीने का वेतन शामिल है। यह कदम उन कर्मचारियों के लिए वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है जो इस अचानक बदलाव से प्रभावित हुए हैं।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि जोमैटो वर्तमान में अपने मुख्य व्यवसाय के साथ-साथ 'ब्लिंकिट' (Blinkit) जैसे क्विक कॉमर्स सेगमेंट पर अधिक ध्यान केंद्रित कर रहा है। जब कंपनियां अपनी प्राथमिकताएं बदलती हैं, तो अक्सर उन भूमिकाओं को समाप्त कर दिया जाता है जो अब रणनीतिक रूप से आवश्यक नहीं रह जाती हैं। यह छंटनी संकेत देती है कि जोमैटो अब 'ग्रोथ एट एनी कॉस्ट' के बजाय 'ऑपरेशनल एफिशिएंसी' (परिचालन दक्षता) की ओर बढ़ रहा है।
"टेक सेक्टर में यह छंटनी केवल लागत कटौती नहीं, बल्कि एआई और ऑटोमेशन के माध्यम से सपोर्ट सिस्टम को आधुनिक बनाने की एक प्रक्रिया है।"
विशेष रूप से हैदराबाद सपोर्ट सेंटर में काम करने वाले कर्मचारियों पर इसका सबसे अधिक प्रभाव पड़ा है। कंपनी अब अपने कस्टमर सपोर्ट और बैक-एंड ऑपरेशन्स को अधिक डिजिटल और स्वचालित बनाने की योजना बना रही है, जिससे मानव हस्तक्षेप की आवश्यकता कम हो जाएगी।
ऐतिहासिक रूप से, जोमैटो ने अपने विस्तार के दौरान आक्रामक तरीके से हायरिंग की थी। हालांकि, बाजार की बदलती परिस्थितियों और निवेशकों के दबाव के कारण, अब कंपनी अपने खर्चों को नियंत्रित करने और लाभप्रदता (Profitability) को स्थिर करने के लिए ऐसे कठिन निर्णय ले रही है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: जोमैटो ने कर्मचारियों को कितना मुआवजा दिया?
उत्तर: कंपनी ने प्रभावित कर्मचारियों को 4 महीने की सैलरी का सेवरेंस पैकेज दिया है।
प्रश्न 2: यह छंटनी मुख्य रूप से किस क्षेत्र को प्रभावित करती है?
उत्तर: यह मुख्य रूप से हैदराबाद स्थित सपोर्ट सेंटर और ऑपरेशन्स टीम को प्रभावित करती है।