स्काईवेज़ एयर सर्विसेज आज BSE और NSE पर लिस्ट होने जा रही है। 71 गुना सब्सक्रिप्शन और 23% GMP के साथ बाजार में जबरदस्त उत्साह है।

  • स्काईवेज़ एयर सर्विसेज आज, 1 सितंबर को BSE और NSE पर लिस्ट होगी।
  • ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) 23% लिस्टिंग गेन का संकेत दे रहा है।
  • IPO को कुल 71.25 गुना सब्सक्रिप्शन मिला, जिसमें QIBs की सबसे अधिक रुचि रही।
  • FY26 में कंपनी के शुद्ध लाभ (PAT) में 32% की शानदार वृद्धि दर्ज की गई।

स्काईवेज़ एयर सर्विसेज लिमिटेड (SASL) आज, 1 सितंबर को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर अपना पदार्पण करने के लिए तैयार है। ग्रे मार्केट के रुझान इस लिस्टिंग को लेकर काफी सकारात्मक हैं, जहां वर्तमान में 23% का प्रीमियम देखा जा रहा है, जो दर्शाता है कि शेयर अपने ऊपरी मूल्य बैंड (Rs 138) से काफी ऊपर खुल सकता है।

इस IPO को निवेशकों की भारी प्रतिक्रिया मिली। 24 अगस्त से 27 अगस्त तक चले इस इश्यू को कुल 71.25 गुना सब्सक्राइब किया गया। इसमें योग्य संस्थागत खरीदारों (QIBs) का हिस्सा सबसे अधिक 139.69 गुना भरा गया, जबकि गैर-संस्थागत निवेशकों (NIIs) और रिटेल निवेशकों ने क्रमशः 87.24 गुना और 25.40 गुना सब्सक्रिप्शन दिखाया।

वित्तीय प्रदर्शन और विकास

कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है। वित्त वर्ष 2026 (FY26) में, स्काईवेज़ एयर सर्विसेज की कुल आय 25% बढ़कर 2,839.67 करोड़ रुपये हो गई, जो FY25 में 2,270.99 करोड़ रुपये थी। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कंपनी का टैक्स के बाद का लाभ (PAT) 32% बढ़कर 63.52 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले वर्ष 48.14 करोड़ रुपये था।

पैरामीटरFY25FY26वृद्धि %
कुल आय₹ 2,270.99 करोड़₹ 2,839.67 करोड़+25%
शुद्ध लाभ (PAT)₹ 48.14 करोड़₹ 63.52 करोड़+32%

यह क्यों महत्वपूर्ण है?

BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि स्काईवेज़ एयर केवल एक फ्रेट फॉरवर्डर नहीं है, बल्कि एक रणनीतिक मल्टी-मोडल लॉजिस्टिक्स प्लेयर है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कोल्ड स्टोरेज सुविधाओं और वर्ल्ड कार्गो एलायंस (WCA) जैसे वैश्विक संगठनों के साथ गठबंधन ने कंपनी को एक मजबूत प्रतिस्पर्धी बढ़त दी है। पब्लिक इश्यू से पहले एंकर निवेशकों से 174.5 करोड़ रुपये जुटाना संस्थागत निवेशकों के भरोसे को दर्शाता है।

QIB श्रेणी में 139 गुना सब्सक्रिप्शन यह संकेत देता है कि बड़े फंड मैनेजर्स भारत के निर्यात-आयात बुनियादी ढांचे के विस्तार में स्काईवेज़ एयर को एक प्रमुख खिलाड़ी के रूप में देखते हैं।

1984 में स्थापित SASL आज भारत की अग्रणी एयर फ्रेट फॉरवर्डिंग और लॉजिस्टिक्स कंपनियों में से एक है। कंपनी एयर फ्रेट, ओशन फ्रेट, ट्रकिंग, वेयरहाउसिंग और कस्टम ब्रोकिंग जैसी सेवाएं प्रदान करती है। लुफ्थांसा और एयर इंडिया कार्गो जैसी अंतरराष्ट्रीय एयरलाइंस के साथ इसके प्रदर्शन-आधारित समझौते इसकी वैश्विक पहुंच को सुनिश्चित करते हैं।

क्या आप जानते हैं?: स्काईवेज़ एयर के पास फार्मास्यूटिकल्स और तापमान-संवेदनशील कार्गो के लिए विशेष कोल्ड स्टोरेज सुविधाएं हैं, जो इसे वैश्विक स्वास्थ्य आपूर्ति श्रृंखला का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनाती हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

स्काईवेज़ एयर IPO के लिए प्राइस बैंड क्या था?
IPO का प्राइस बैंड 131 रुपये से 138 रुपये प्रति इक्विटी शेयर तय किया गया था।

इस इश्यू के बुक रनिंग लीड मैनेजर कौन थे?
होलाणी कंसल्टेंट्स प्राइवेट लिमिटेड लीड मैनेजर थे, जबकि बिगशेयर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड रजिस्ट्रार की भूमिका में थे।