कोयंबटूर में एक 19 वर्षीय कॉलेज छात्र की मौत हो गई, जिसे एक पिछली लूटपाट के बदले में बेरहमी से पीटा गया था। पुलिस ने इस मामले में पांच संदिग्धों को हिरासत में लिया है।

  • मलुमिचम्पट्टी के पास हमले के बाद 19 वर्षीय छात्र अमुथन की मौत।
  • यह हमला पूंगा नगर में एक किराए के घर में हुई पिछली मारपीट और लूटपाट का बदला बताया जा रहा है।
  • पुलिस ने पूछताछ के लिए पांच कॉलेज छात्रों को हिरासत में लिया है।

कोयंबटूर शहर एक हिंसक घटनाक्रम से हिल गया है, जिसके परिणामस्वरूप एक 19 वर्षीय कॉलेज छात्र की जान चली गई। मृतक की पहचान अमुथन के रूप में हुई है, जिसकी सोमवार, 10 अगस्त 2026 को मलुमिचम्पट्टी के पास एक समूह द्वारा किए गए कथित हमले के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई।

यह दुखद घटना हिंसा के एक चक्र का परिणाम प्रतीत होती है। पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, यह मामला उसी सुबह लगभग 5:30 बजे पूँगा नगर, ओथक्कलमंडापम में एक किराए के घर में हुई घटना से शुरू हुआ। हमलावरों के एक समूह ने उस घर में प्रवेश किया जहाँ सिविल इंजीनियरिंग के द्वितीय वर्ष के छात्र एलावरसन (18) अपने दोस्तों के साथ रह रहे थे। हमलावरों ने वहां मौजूद लोगों के साथ मारपीट की और एक मोबाइल फोन छीन लिया, जिसके बाद एलावरसन ने चेत्तिपलायम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस जांच के दौरान, अमुथन की पहचान उन संदिग्धों में से एक के रूप में हुई जो इस पहली घटना में शामिल थे। हालांकि, कानूनी कार्रवाई से पहले ही, पहली घटना के पीड़ितों से जुड़े एक समूह ने सुबह लगभग 8:30 बजे मलुमिचम्पट्टी के पास अमुथन और उसके दोस्त श्रीमण (19) को रोक लिया। दोनों को एक निजी कॉलेज के पीछे के मैदान में ले जाया गया और वहां उनके साथ बेरहमी से मारपीट की गई।

BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि शैक्षिक केंद्रों के युवाओं में 'निजी न्याय' (vigilante justice) का एक खतरनाक चलन बढ़ रहा है। जब छात्र कानूनी प्रणाली को दरकिनार कर प्रतिशोधात्मक हिंसा का सहारा लेते हैं, तो यह कैंपस अनुशासन की विफलता और शैक्षणिक वातावरण में गिरोह जैसी मानसिकता के सामान्यीकरण को दर्शाता है।

अमुथन सुबह 10 बजे अपने कमरे पर वापस तो लौट आया, लेकिन दोपहर 3 बजे तक उसकी हालत बिगड़ने लगी और उसे सांस लेने में कठिनाई होने लगी। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। श्रीमण की शिकायत के आधार पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज किया है।

"एक मामूली चोरी के विवाद का घातक प्रतिशोधात्मक हमले में बदलना यह दर्शाता है कि कॉलेज हॉस्टलों में मानसिक स्वास्थ्य हस्तक्षेप और सख्त व्यवहार निगरानी की तत्काल आवश्यकता है।"

आगे की जांच में मृतक के पिछले आचरण के बारे में भी चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। पुलिस ने बताया कि अमुथन को पिछले महीने हॉस्टल के रसोइए के साथ मारपीट करने के आरोप में कॉलेज हॉस्टल से निलंबित कर दिया गया था, जो उसके आक्रामक व्यवहार के पैटर्न को दर्शाता है।

मंगलवार को पुलिस ने इस हत्या के संबंध में पांच कॉलेज छात्रों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। अधिकारी अब अन्य दोषियों की पहचान करने के लिए फॉरेंसिक साक्ष्यों और गवाहों के बयानों का सहारा ले रहे हैं।

क्या आप जानते हैं?: कोयंबटूर भारत के प्रमुख शैक्षिक केंद्रों में से एक है, जहाँ सैकड़ों इंजीनियरिंग और आर्ट्स कॉलेज हैं, जिससे कैंपस सुरक्षा स्थानीय पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है।

अमुथन पर हमले का मुख्य कारण क्या था?
अमुथन पर हमला कथित तौर पर पूंगा नगर में एक छात्र के घर पर हुई मारपीट और लूटपाट की घटना में उसकी संलिप्तता के बदले में किया गया था।

अब तक कितने लोगों को हिरासत में लिया गया है?
पुलिस ने हत्या के मामले की जांच के सिलसिले में पांच कॉलेज छात्रों को हिरासत में लिया है।