उडुपी में पूर्व ग्राम पंचायत अध्यक्ष डेविड डिसूजा की हत्या के मामले में पुलिस ने एक और बड़ी सफलता हासिल करते हुए नौवें आरोपी लोकेश तेज कोट्तारी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त मोटरसाइकिलों और साक्ष्यों को भी जब्त कर लिया है।

  • उडुपी पुलिस ने लोकेश तेज कोट्तारी को हत्या में संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया।
  • अब तक कुल नौ आरोपियों को हिरासत में लिया जा चुका है।
  • आरोपी ने हत्यारों को इस्तेमाल के लिए संशोधित मोटरसाइकिलें उपलब्ध कराई थीं।
  • यह मामला सड़क निर्माण ठेके को लेकर आपसी रंजिश का परिणाम बताया जा रहा है।

उडुपी, कर्नाटक: उडुपी जिले के मुदरंगडी ग्राम पंचायत के पूर्व अध्यक्ष डेविड डिसूजा की सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस ने अपनी जांच को और तेज कर दिया है। शुक्रवार को पुलिस ने 42 वर्षीय लोकेश तेज कोट्तारी को गिरफ्तार किया, जो इस मामले में अब तक का नौवां आरोपी है। कोट्तारी को कारकला और पाडुबिद्री पुलिस द्वारा पकड़कर जांच अधिकारी के समक्ष पेश किया गया।

हत्या की साजिश और 'सुपारी' का मामला

पुलिस जांच से पता चला है कि यह हत्या एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा थी। आरोपी किशोर राम पूजारी ने सड़क निर्माण का ठेका खोने के कारण डेविड डिसूजा के प्रति रंजिश पाल रखी थी। पूजारी ने हत्या को अंजाम देने के लिए तीन हमलावरों को 'सुपारी' दी थी। कोट्तारी, जो मुंबई में काम करता था, पूजारी का मित्र था और इस साजिश में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा था।

जांच के दौरान यह बात सामने आई कि कोट्तारी ने हमलावरों को इस्तेमाल के लिए दो मोटरसाइकिलें प्रदान की थीं। उसने इन वाहनों के इंजन और चेसिस नंबरों को मिटाने के लिए मशीनों का उपयोग किया था ताकि पुलिस उन्हें ट्रैक न कर सके। पुलिस ने कोट्तारी के पास से वे मोबाइल फोन और मशीनें भी जब्त कर ली हैं जिनका उपयोग साक्ष्य मिटाने के लिए किया गया था।

हमला और पुलिस मुठभेड़

घटना 7 अगस्त को हुई थी, जब हमलावर राजू ने डिसूजा पर उनके कार्यालय 'प्रिंस एंटरप्राइजेज' के पास हमला किया था। इस हमले के दौरान पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए हमलावरों का पीछा किया। आरोपी राजू ने एक पुलिस सब-इंस्पेक्टर पर गोली चलाई, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में उस पर गोली चलाई। घायल राजू को इलाज के बाद पुलिस हिरासत में ले लिया गया है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस मामले ने स्थानीय स्तर पर संगठित अपराध और ठेका रंजिश के खतरनाक गठजोड़ को उजागर किया है। जिस तरह से वाहनों के नंबर मिटाए गए और 'सुपारी' देकर हत्या करवाई गई, वह दर्शाता है कि अपराधी कानून से बचने के लिए तकनीकी और योजनाबद्ध तरीके अपना रहे हैं।

यह मामला स्पष्ट करता है कि स्थानीय राजनीति और ठेकों के विवाद किस तरह हिंसक अपराधों का रूप ले रहे हैं।

पुलिस ने इस मामले में अब तक कई अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है, जिनमें मोहम्मद इർഷद, चिराज पूजारी और सदानंद देवडिगा शामिल हैं, जिन्होंने हमलावरों को धन मुहैया कराया था।

Did You Know?: अपराधी अक्सर जांच से बचने के लिए वाहनों के चेसिस नंबर मिटा देते हैं, लेकिन आधुनिक फोरेंसिक तकनीक अब उन्हें भी ट्रैक करने में सक्षम है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: डेविड डिसूजा की हत्या का मुख्य कारण क्या था?
उत्तर: प्रारंभिक जांच के अनुसार, सड़क निर्माण का ठेका खोने के कारण उपजी रंजिश इस हत्या का मुख्य कारण थी।

प्रश्न 2: अब तक कितने लोग गिरफ्तार हो चुके हैं?
उत्तर: इस मामले में अब तक कुल नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।