1995 के बेअंत सिंह हत्याकांड के दोषी बलवंत सिंह राजोआना की आंखों के ऑपरेशन को लेकर पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। केंद्र सरकार ने अदालत को सूचित किया है कि राजोआना का इलाज पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़ में किया जाएगा।

  • बेअंत सिंह हत्याकांड के दोषी बलवंत सिंह राजोआना की आंखों के इलाज के लिए याचिका पर सुनवाई हुई।
  • केंद्र और चंडीगढ़ प्रशासन ने राजोआना को पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़ के नेत्र विज्ञान विभाग में ले जाने का आश्वासन दिया।
  • राजोआना ने पटियाला के एक निजी अस्पताल में अपने खर्च पर सर्जरी करने की मांग की थी।

पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने बुधवार को 1995 के बहुचर्चित बेअंत सिंह हत्याकांड के दोषी, मृत्युदंड का सामना कर रहे बलवंत सिंह राजोआना की एक याचिका का निपटारा कर दिया। राजोआना ने पटियाला स्थित डॉ. आर.एस. रंधावा आई हॉस्पिटल में अपने खर्च पर आंखों की सर्जरी करने की अनुमति मांगी थी।

सुनवाई के दौरान, केंद्र सरकार और चंडीगढ़ प्रशासन ने अदालत को सूचित किया कि राजोआना को तत्काल पीजीआईएमईआर (PGIMER), चंडीगढ़ के नेत्र विज्ञान विभाग में ले जाया जाएगा और वहां उनका उचित उपचार किया जाएगा। अदालत ने इस आश्वासन के बाद याचिका को समाप्त कर दिया।

मामले की पृष्ठभूमि

बलवंत सिंह राजोआना पिछले 30 वर्षों से अधिक समय से हिरासत में हैं। उनके वकीलों, जिनमें वरिष्ठ अधिवक्ता पी.एस. हुंडल शामिल हैं, ने तर्क दिया कि सेंट्रल जेल, पटियाला में हिरासत के दौरान उन्हें आंखों में अत्यधिक खुजली और एलर्जी की समस्या हो रही है। उन्होंने बताया कि चश्मे के कारण यह समस्या और बढ़ गई है और डॉ. रंधावा के अनुसार मोतियाबिंद सर्जरी से इस समस्या का समाधान हो सकता है।

BozokMedia विश्लेषण

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह मामला केवल एक चिकित्सा उपचार का नहीं है, बल्कि यह एक हाई-प्रोफाइल राजनीतिक हत्या के दोषी के मानवाधिकारों और जेल प्रशासन की चिकित्सा सुविधाओं के बीच के संतुलन को भी दर्शाता है। अदालत ने स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को देखते हुए सरकारी संस्थान (PGIMER) को प्राथमिकता दी है।

न्यायिक प्रक्रिया में कैदियों के स्वास्थ्य का अधिकार सर्वोपरि है, चाहे अपराध की प्रकृति कितनी भी गंभीर क्यों न हो।

राजोआना, जो बब्बर खालसा के सदस्य रहे हैं, को 1995 में तत्कालीन पंजाब मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया था। उस आत्मघाती हमले में 17 अन्य लोग भी मारे गए थे।

Did You Know?: बेअंत सिंह की हत्या 31 अगस्त 1995 को एक आत्मघाती हमले में हुई थी, जिसने पंजाब की राजनीति में बड़े बदलाव किए थे।

Frequently Asked Questions

1. बलवंत सिंह राजोआना कौन है?
वह 1995 में पंजाब के मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया एक बब्बर खालसा सदस्य है।

2. अदालत ने क्या निर्णय लिया?
अदालत ने केंद्र के आश्वासन को स्वीकार किया कि राजोआना का इलाज पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़ में किया जाएगा।