नेपथ्य द्वारा आयोजित कुटियाट्टम महोत्सव का 17वां संस्करण 19 अगस्त से शुरू हो रहा है, जिसमें प्राचीन संस्कृत नाटकों की जीवंत प्रस्तुति की जाएगी।

  • कुटियाट्टम महोत्सव का 17वां संस्करण 19 अगस्त से शुरू होगा।
  • आयोजन नेपथ्य के कूथंबलम में आयोजित किया जा रहा है।
  • इस वर्ष भास के 'प्रतिमा नाटक' और शक्तिभद्र के 'आश्चर्यचूड़ामणि' की प्रस्तुतियाँ मुख्य आकर्षण होंगी।

केरल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने वाला प्रतिष्ठित कुटियाट्टम महोत्सव अपने 17वें संस्करण के साथ कला प्रेमियों के बीच वापस आ गया है। नेपथ्य (Nepathya) द्वारा आयोजित यह उत्सव 19 अगस्त से शुरू होकर विभिन्न चरणों में चलेगा, जिसमें शास्त्रीय संस्कृत नाटक की परंपरा को जीवित रखा जाएगा।

इस वर्ष का महोत्सव विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें दो पूर्ण शास्त्रीय नाटकीय व्याख्याओं की प्रस्तुति दी जाएगी। कार्यक्रम के मुख्य आकर्षणों में महाकवि भास के प्रसिद्ध नाटक 'प्रतिमा नाटक' का पांचवां अंक और शक्तिभद्र के 'आश्चर्यचूड़ामणि' का तीसरा अंक शामिल है। ये प्रस्तुतियाँ न केवल अभिनय की दृष्टि से बल्कि संगीत और मुद्रा विधान के सूक्ष्म विवरणों के लिए भी जानी जाती हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

कुटियाट्टम, जो यूनेस्को (UNESCO) की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत की सूची में शामिल है, दुनिया की सबसे पुरानी जीवित संस्कृत रंगमंच परंपराओं में से एक है। यह कला रूप सदियों से मंदिरों के भीतर विकसित हुआ है, जहाँ अभिनेता और दर्शक के बीच एक आध्यात्मिक और कलात्मक संबंध स्थापित होता है। नेपथ्य इस प्राचीन परंपरा को आधुनिक युग में संरक्षित करने का एक प्रमुख केंद्र बन गया है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस तरह के महोत्सव केवल सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं हैं, बल्कि वे लुप्तप्राय कला रूपों के संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण इंजन हैं। कुटियाट्टम जैसे शास्त्रीय रूपों का पुनरुद्धार वैश्विक स्तर पर सांस्कृतिक विविधता को बनाए रखने के लिए आवश्यक है।

कुटियाट्टम केवल नाटक नहीं, बल्कि शरीर, ध्वनि और आध्यात्मिकता का एक जटिल मेल है जो दर्शक को एक अलग ही संसार में ले जाता है।

उत्सव का उद्घाटन समारोह बुधवार, 19 अगस्त को शाम 6 बजे आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम दो चरणों में संपन्न होगा: पहला चरण 19 से 24 अगस्त तक और दूसरा चरण 27 अगस्त से 3 सितंबर तक चलेगा।

Did You Know?: कुटियाट्टम यूनेस्को द्वारा मानवता की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: कुटियाट्टम महोत्सव कहाँ आयोजित किया जा रहा है?
उत्तर: यह महोत्सव नेपथ्य के कूथंबलम में आयोजित किया जा रहा है।

प्रश्न 2: इस वर्ष कौन से प्रमुख नाटक प्रस्तुत किए जाएंगे?
उत्तर: इस वर्ष भास का 'प्रतिमा नाटक' और शक्तिभद्र का 'आश्चर्यचूड़ामणि' मुख्य आकर्षण होंगे।