कुख्यात हैकिंग ग्रुप 'ShinyHunters' ने अमेरिकी स्वास्थ्य दिग्गज मैकेसन (McKesson) के डेटा ब्रीच की जिम्मेदारी ली है, जिसमें संवेदनशील स्वास्थ्य रिकॉर्ड चोरी हुए हैं।
- मैकेसन से लाखों मरीजों के सोशल सिक्योरिटी नंबर और बीमारी के रिकॉर्ड चोरी हुए।
- ShinyHunters ग्रुप ने फिशिंग और सोशल इंजीनियरिंग के जरिए क्लाउड अकाउंट्स में सेंध लगाई।
- हैकर्स ने डेटा सार्वजनिक न करने के बदले 55 मिलियन डॉलर की फिरौती मांगी है।
स्वास्थ्य सेवा साइबर सुरक्षा के लिए एक बड़ा झटका देते हुए, अमेरिका के सबसे बड़े फार्मास्युटिकल वितरकों में से एक, मैकेसन (McKesson) ने एक बड़े डेटा ब्रीच की पुष्टि की है। कंपनी ने बताया कि हैकर्स ने कई क्लाउड-होस्टेड खातों में घुसपैठ की और अत्यधिक संवेदनशील रोगी और कर्मचारी जानकारी चुराई। इस घटना के कारण कंपनी की कई सेवाओं में रुकावट आई है।
यह हमला विशेष रूप से मैकेसन की ऑन्कोलॉजी, मल्टीस्पेशियलिटी और मेडिकल-सर्जिकल इकाइयों को लक्षित करता है। कंपनी के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी, फ्रांसिस्को फ्रागा के अनुसार, हमलावरों ने कंपनी के क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर में संग्रहीत महत्वपूर्ण डेटा तक पहुंचने के लिए सुरक्षा प्रोटोकॉल को बायपास किया।
हमले का तरीका
इस हमले को ShinyHunters द्वारा अंजाम दिया गया, जो डेटा जबरन वसूली करने वाला एक सक्रिय समूह है। समूह ने खुलासा किया कि उन्होंने परिष्कृत फिशिंग और सोशल इंजीनियरिंग युक्तियों का उपयोग किया, जिससे कर्मचारियों को धोखे से नेटवर्क एक्सेस प्रदान करने के लिए प्रेरित किया गया। एक बार अंदर जाने के बाद, उन्होंने Snowflake और Salesforce वातावरण को निशाना बनाया, जहाँ लाखों पंक्तियों का डेटा संग्रहीत था।
चोरी किया गया डेटा बेहद विस्तृत है, जिसमें मरीजों के नाम, पते, सोशल सिक्योरिटी नंबर, बीमारियों का निदान, वर्तमान दवाएं, एलर्जी और निजी डॉक्टर नोट्स शामिल हैं। इसके अलावा, मैकेसन के कर्मचारियों के घर के पते भी लीक हो गए हैं।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह ब्रीच कोई अकेली घटना नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य सेवा आपूर्ति श्रृंखला में एक प्रणालीगत कमजोरी का हिस्सा है। चूंकि मैकेसन हजारों अस्पतालों के लिए दवाओं और उपकरणों के केंद्र के रूप में कार्य करता है, इसलिए यहाँ एक ब्रीच का असर पूरे अमेरिकी स्वास्थ्य पारिस्थितिकी तंत्र पर पड़ता है। Snowflake जैसे क्लाउड-होस्टेड वातावरण की ओर बदलाव ने हैकर्स के लिए एक केंद्रीकृत लक्ष्य बना दिया है।
क्लाउड-आधारित स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे का संक्रमण 'जीरो-ट्रस्ट' सुरक्षा ढांचे के कार्यान्वयन से कहीं अधिक तेज रहा है, जिससे मैकेसन जैसे दिग्गज सरल सोशल इंजीनियरिंग के प्रति संवेदनशील हो गए हैं।
यह हमला मेडिकल डिवाइस निर्माताओं और हेल्थ टेक फर्मों को निशाना बनाने के एक चिंताजनक रुझान का हिस्सा है। हाल ही में बोस्टन साइंटिफिक, स्ट्राइकर, एबॉट लैबोरेटरीज और मेडट्रोनिक जैसी कंपनियों ने भी साइबर हमलों का सामना किया है। इसके अलावा, CareCloud और TriZetto जैसे प्रदाताओं ने 30 लाख से अधिक मरीजों के प्रभावित होने की बात कही है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. मैकेसन से कौन सा विशिष्ट डेटा चोरी हुआ?
चोरी किए गए डेटा में मरीजों के नाम, सोशल सिक्योरिटी नंबर, पते, निदान, दवाएं, एलर्जी और कर्मचारियों के घर के पते शामिल हैं।
2. हैकर्स ने सिस्टम तक पहुंच कैसे प्राप्त की?
ShinyHunters समूह ने कर्मचारियों को नेटवर्क एक्सेस देने के लिए प्रेरित करने हेतु फिशिंग और सोशल इंजीनियरिंग का उपयोग किया।