साइबर सुरक्षा शोधकर्ताओं ने गॉडडैम नामक नई रैनसमवेयर परिवार का खुलासा किया, जो PoisonX कर्नेल ड्राइवर का उपयोग करके सुरक्षा सॉफ़्टवेयर को निष्क्रिय करता है। यह हमला 21 मई 2026 से सक्रिय है और बीस्ट रैनसमवेयर का एक नया रूप माना जा रहा है।
गॉडडैम रैनसमवेयर, जिसे Symantec के Threat Hunter Team ने 21 मई 2026 को पहली बार सार्वजनिक रूप से उजागर किया, ने अपनी अनूठी रक्षा-उपेक्षा रणनीति के साथ साइबर सुरक्षा समुदाय में चौंकाने वाली खबरें फैलाई हैं। यह नया परिवार पारंपरिक बीस्ट रैनसमवेयर का एक पुनःब्रांडेड संस्करण प्रतीत होता है, लेकिन इसमें एक नई तकनीक शामिल है – PoisonX कर्नेल ड्राइवर, जिसे विशेष रूप से एंडपॉइंट सुरक्षा उपकरणों को बेअसर करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
PoisonX ड्राइवर क्या है?
PoisonX एक कर्नेल-स्तरीय ड्राइवर है, जो Windows ऑपरेटिंग सिस्टम के भीतर गहराई से कार्य करता है। इसकी मुख्य भूमिका सुरक्षा सॉफ़्टवेयर, जैसे एंटीवायरस और एंडपॉइंट डिटेक्शन और रिस्पॉन्स (EDR) टूल्स को पहचानने और निष्क्रिय करने की है। गॉडडैम इस ड्राइवर को रैनसमवेयर पैकेज में एम्बेड करके, अपने कोड को बिना किसी हस्तक्षेप के चलाने का अवसर देता है, जिससे फाइलों को एन्क्रिप्ट करने और फिरौती माँगने के लिए पर्याप्त समय मिलता है।
रैनसमवेयर का विकास और प्रभाव
रैनसमवेयर के इतिहास में, डेवलपर्स ने लगातार नई एस्केप तकनीकों का विकास किया है। गॉडडैम का PoisonX का उपयोग एक महत्वपूर्ण मोड़ है, क्योंकि यह पारंपरिक सिग्नेचर-आधारित डिटेक्शन को बायपास करता है और सक्रिय रक्षात्मक उपायों को निष्क्रिय करता है। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, इस रैंसमवेयर ने कम से कम 12 प्रमुख संगठनों को प्रभावित किया है, जिनकी कुल हानि 15 मिलियन अमेरिकी डॉलर से अधिक होने का अनुमान है।
सुरक्षा पेशेवरों के लिए निवारक कदम
संगठनों को सबसे पहले अपने ऑपरेटिंग सिस्टम और एप्लिकेशन को नवीनतम पैच से अपडेट रखना चाहिए। इसके अतिरिक्त, एंटीवायरस और EDR समाधानों को कर्नेल-स्तरीय ड्राइवरों की निगरानी के लिए कॉन्फ़िगर करना अनिवार्य है। नेटवर्क विभाजन, सीमित विशेषाधिकार नीति और नियमित बैकअप रणनीतियाँ भी गॉडडैम जैसे उन्नत थ्रेट्स के खिलाफ सुरक्षा के आधार स्तम्भ हैं।
भविष्य की चुनौतियाँ
जैसे-जैसे रैनसमवेयर समूह अधिक परिष्कृत होते जा रहे हैं, साइबर सुरक्षा उद्योग को भी अपनी डिटेक्शन और प्रतिक्रिया क्षमताओं को उन्नत करना होगा। PoisonX जैसी कर्नेल ड्राइवर-आधारित एस्केप तकनीकों से निपटने के लिए, डेवलपर्स को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित व्यवहार विश्लेषण और सैंडबॉक्सिंग पर निर्भर रहना चाहिए।