हैदराबाद के GITAM डीम्ड विश्वविद्यालय में 17वां दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया, जिसमें प्रसिद्ध फिल्म निर्माता एस.एस. राजामौली मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर लगभग 2,000 छात्रों को उनकी डिग्री प्रदान की गई।

मुख्य बातें

  • GITAM विश्वविद्यालय ने 1,990 छात्रों को डिग्री प्रदान की।
  • प्रसिद्ध फिल्म निर्माता एस.एस. राजामौली समारोह के मुख्य अतिथि थे।
  • मास्टर बुनकर गजम गोवर्धन को मानद डॉक्टरेट (D.Litt.) से सम्मानित किया गया।
  • डिग्री प्राप्त करने वालों में स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी विद्वान शामिल थे।

हैदराबाद के संगारेड्डी जिले में स्थित GITAM डीम्ड विश्वविद्यालय ने शनिवार को अपना 17वां दीक्षांत समारोह बड़े उत्साह के साथ मनाया। इस गरिमामयी कार्यक्रम में विभिन्न विषयों के कुल 1,990 छात्रों को उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए डिग्रियां प्रदान की गईं।

समारोह की खास बात यह रही कि विश्व प्रसिद्ध फिल्म निर्देशक एस.एस. राजामौली मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। उन्होंने छात्रों को संबोधित करते हुए उन्हें समर्पण, जुनून और कड़ी मेहनत के साथ उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता GITAM के अध्यक्ष और सांसद एम. श्रीभारत ने की।

शैक्षणिक उपलब्धियां और सम्मान

विश्वविद्यालय ने इस अवसर पर शैक्षणिक उत्कृष्टता को भी मान्यता दी। कुल 17 स्वर्ण पदक मेधावी छात्रों को दिए गए, जिनमें बी.टेक स्नातकों में सर्वोच्च रैंक हासिल करने वाले दिगुदाडी प्रणव राहुल को राष्ट्रपति स्वर्ण पदक से नवाजा गया। इसके अलावा, शोध के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए अर्थशास्त्र विभाग के मोहम्मद अरशद अंसारी और रसायन विज्ञान विभाग के एम.एस. सुरेंद्र बाबू को सर्वश्रेष्ठ शोधकर्ता पुरस्कार दिया गया।

क्यों यह महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस तरह के समारोह न केवल छात्रों के मनोबल को बढ़ाते हैं, बल्कि उद्योग जगत के दिग्गजों (जैसे राजामौली) की उपस्थिति से शैक्षणिक संस्थानों और वास्तविक दुनिया की उपलब्धियों के बीच के अंतर को भी कम करते हैं।

एस.एस. राजामौली ने कहा कि सफलता का मार्ग केवल प्रतिभा से नहीं, बल्कि निरंतर समर्पण और अटूट जुनून से प्रशस्त होता है।

सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने के उद्देश्य से, विश्वविद्यालय ने मास्टर बुनकर गजम गोवर्धन को उनके हाथ से बुनाई के योगदान और भारत की कपड़ा विरासत को संरक्षित करने के लिए मानद डॉक्टर ऑफ लेटर्स (D.Litt.) प्रदान किया।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

GITAM विश्वविद्यालय, जो अपनी उच्च स्तरीय शिक्षा और अनुसंधान के लिए जाना जाता है, लगातार भारत के प्रमुख शैक्षणिक केंद्रों में से एक के रूप में उभर रहा है। यह समारोह विश्वविद्यालय की निरंतर बढ़ती शैक्षणिक गुणवत्ता का प्रमाण है।

क्या आप जानते हैं?: GITAM विश्वविद्यालय के इस दीक्षांत समारोह में स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी सहित तीन अलग-अलग स्तरों के छात्रों को सम्मानित किया गया।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न 1: इस समारोह के मुख्य अतिथि कौन थे?
उत्तर: प्रसिद्ध फिल्म निर्माता एस.एस. राजामौली इस समारोह के मुख्य अतिथि थे।

प्रश्न 2: कुल कितने छात्रों को डिग्री दी गई?
उत्तर: कुल 1,990 छात्रों को विभिन्न श्रेणियों में डिग्रियां प्रदान की गईं।