सिंगापुर के ड्यूक-एनयूएस मेडिकल स्कूल में 'क्लास ऑफ 2030' के रूप में रिकॉर्ड संख्या में महिला छात्र शामिल हुई हैं। इस बैच में इंजीनियरिंग, कला और सामाजिक सेवा जैसे विविध क्षेत्रों से आए पेशेवर डॉक्टर बनने की राह पर हैं।
मुख्य बातें
- ड्यूक-एनयूएस के डॉक्टर ऑफ मेडिसिन कार्यक्रम में महिलाओं की संख्या अब तक के उच्चतम स्तर पर है।
- 78 नए छात्रों में से लगभग दो-तिहाई महिलाएं हैं।
- इस बैच में 38 पूर्व कामकाजी पेशेवर शामिल हैं जो विभिन्न क्षेत्रों से आए हैं।
- यह सिंगापुर का एकमात्र ग्रेजुएट-एंट्री मेडिकल स्कूल है।
सिंगापुर के प्रतिष्ठित ड्यूक-एनयूएस मेडिकल स्कूल ने अपने 20वें 'व्हाइट कोट सेरेमनी' के दौरान 78 महत्वाकांक्षी डॉक्टरों का स्वागत किया। इस वर्ष की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इस बैच में महिलाओं की संख्या रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है, जो चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में बदलते जनसांख्यिकीय रुझानों को दर्शाती है।
क्लास ऑफ 2030 केवल संख्या में ही बड़ी नहीं है, बल्कि अनुभव के मामले में भी बेजोड़ है। इस समूह में लगभग दो-तिहाई महिलाएं हैं। इनमें से 38 छात्र ऐसे पेशेवर हैं जो चिकित्सा के क्षेत्र में आने से पहले सामाजिक सेवा, जनसंख्या स्वास्थ्य, पारंपरिक चीनी चिकित्सा, इंजीनियरिंग और कला जैसे विविध क्षेत्रों में काम कर चुके हैं।
क्यों महत्वपूर्ण है यह बदलाव?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि चिकित्सा क्षेत्र में विभिन्न पृष्ठभूमि वाले पेशेवरों का आना रोगी देखभाल की गुणवत्ता में क्रांतिकारी बदलाव ला सकता है। जब एक पूर्व कलाकार या इंजीनियर डॉक्टर बनता है, तो वह समस्या समाधान के लिए एक नया दृष्टिकोण लेकर आता है।
ड्यूक-एनयूएस का मॉडल पूर्व अनुभव को एक भटकाव के रूप में नहीं, बल्कि एक ताकत के रूप में देखता है।
डीन प्रोफेसर पैट्रिक तान ने इस अवसर पर कहा कि चिकित्सा केवल विज्ञान नहीं है, बल्कि जीवन के अनुभवों का संगम भी है। उन्होंने जोर दिया कि छात्रों का पिछला ज्ञान उन्हें बेहतर नैदानिक निर्णय लेने में मदद करेगा।
विविध पृष्ठभूमि का प्रभाव
इस बैच में शामिल कुछ छात्रों की कहानियाँ प्रेरणादायक हैं। उदाहरण के लिए, केरिना चंद्रा, जो विकलांगता अधिवक्ता रही हैं, अब स्वास्थ्य सेवा और सामाजिक सेवाओं के बीच की कड़ी बनना चाहती हैं। वहीं, पूर्व बैले शिक्षक नताली लो का मानना है कि जिस तरह नृत्य में हर छात्र अलग होता है, उसी तरह चिकित्सा में हर रोगी की ज़रूरतें भी अलग होती हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
1. ड्यूक-एनयूएस की 'ग्रेजुएट-एंट्री' पद्धति क्या है?
यह छात्रों को उनकी स्नातक डिग्री पूरी करने के बाद चिकित्सा में प्रवेश करने की अनुमति देती है, जिससे वे अपने पिछले पेशेवर अनुभव का उपयोग कर सकें।
2. इस वर्ष के बैच में महिलाओं की भागीदारी कितनी है?
इस वर्ष के बैच में लगभग दो-तिहाई छात्र महिलाएं हैं, जो अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।