कोयंबटूर में आयोजित SSVM ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया कॉन्क्लेव 2026 के दूसरे दिन खेल दिग्गजों, अंतरिक्ष विशेषज्ञों और महान शिक्षकों ने युवाओं के साथ संवाद कर उन्हें सफलता के मंत्र दिए।

  • ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता अभिनव बिंद्रा और क्रिकेटर ऋतुराज गायकवाड़ ने नेतृत्व और मानसिक स्थिरता पर जोर दिया।
  • गगनयान मिशन के अंतरिक्ष यात्री-नामित एयर कमोडोर प्रशांत बालकृष्णन नायर ने भारतीय और अमेरिकी शिक्षकों को सम्मानित किया।
  • कार्यक्रम में खेल, प्रदर्शन कला और उद्यमिता का अनूठा संगम देखने को मिला।

कोयंबटूर में SSVM इंस्टीट्यूशंस द्वारा आयोजित 'ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया कॉन्क्लेव 2026' का दूसरा दिन मंगलवार (1 सितंबर, 2026) को अत्यंत सफल रहा। इस आयोजन ने छात्रों को दुनिया के चैंपियन, कलाकारों और परिवर्तन लाने वाले दिग्गजों के साथ आमने-सामने बातचीत करने का दुर्लभ अवसर प्रदान किया। कार्यक्रम का उद्घाटन SSVM इंस्टीट्यूशंस की संस्थापक और प्रबंध ट्रस्टी डॉ. मणिमेकलै मोहन ने किया और स्वागत भाषण निदेशक सुश्री श्रीशा मोहनदास ने दिया।

इस अवसर पर ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता अभिनव बिंद्रा ने छात्रों को संबोधित करते हुए एक महत्वपूर्ण बात कही। उन्होंने कहा, "केवल प्रतिभा पर्याप्त नहीं है। आपको संतुलन, स्थिरता, अपने मन और अपने हृदय को एक साथ लाना होगा।" बिंद्रा का यह संदेश छात्रों को मानसिक मजबूती और अनुशासन के महत्व को समझाने वाला था।

इस कॉन्क्लेव में विज्ञान और अंतरिक्ष के क्षेत्र में भारत की उपलब्धियों को भी प्रदर्शित किया गया। भारतीय वायु सेना के एयर कमोडोर प्रशांत बालकृष्णन नायर, जो गगनयान मिशन के अंतरिक्ष यात्री-नामित (Astronaut-Designate) हैं, ने छात्रों के साथ संवाद किया। उन्होंने 'इन्स्पिरेशनल गुरु अवार्ड्स' के तहत उन शिक्षकों और स्कूल लीडर्स को सम्मानित किया जिन्होंने युवा दिमागों को प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

यह क्यों महत्वपूर्ण है?

BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया कॉन्क्लेव जैसे आयोजन भारतीय शिक्षा प्रणाली को रटने वाली पद्धति से हटाकर 'अनुभवात्मक मार्गदर्शन' (Experiential Mentorship) की ओर ले जा रहे हैं। जब एक छात्र एक साथ एक अंतरिक्ष यात्री, एक Olympian और एक अंतरराष्ट्रीय कलाकार से सीखता है, तो उसकी सोच का दायरा वैश्विक हो जाता है।

"खेल मनोविज्ञान और शैक्षणिक उत्कृष्टता का मिलन ही भविष्य के नेतृत्वकर्ताओं को तैयार करने का सही मार्ग है।"

पुरस्कार समारोह में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली, जिसमें टेक्सास (USA) के वैलोर हाइट्स के संस्थापक चेरिश काहून सहित गुरुग्राम, नोएडा और तेलंगाना के कई प्रतिष्ठित शिक्षकों को सम्मानित किया गया। यह इस बात का प्रमाण है कि शिक्षा का प्रभाव भौगोलिक सीमाओं से परे होता है।

दोपहर के सत्र में प्रदर्शन कलाओं पर ध्यान केंद्रित किया गया, जहाँ प्रसिद्ध भरतनाट्यम नृत्यांगना और कोरियोग्राफर रुक्मिणी विजयकुमार ने छात्रों को कला की बारीकियों से अवगत कराया। इसके बाद, भारतीय क्रिकेटर और चेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ ने अपने जीवन के संघर्षों, नेतृत्व क्षमता और उपलब्धियों के बारे में चर्चा की।

कार्यक्रम का समापन 'स्टूडेंटप्रेन्योर अवार्ड्स' के साथ हुआ, जिसमें युवा उद्यमियों को सम्मानित किया गया। गुरुग्राम के स्कॉटिश हाई इंटरनेशनल के अद्विक अय्यर ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जो भारतीय स्कूली छात्रों में बढ़ते उद्यमी दृष्टिकोण को दर्शाता है।

क्या आप जानते हैं?: गगनयान मिशन भारत का पहला मानवयुक्त अंतरिक्ष मिशन है, जिसका उद्देश्य भारतीयों को अंतरिक्ष में भेजना और सुरक्षित वापस लाना है।
पुरस्कार श्रेणीप्रमुख विजेतामुख्य क्षेत्र
इन्स्पिरेशनल गुरुचेरिश काहून, स्वाति सोहनी, आदिशैक्षणिक नेतृत्व
स्टूडेंटप्रेन्योरअद्विक अय्यर, श्रुतिका सरवनन, आदिनवाचार और व्यापार

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया कॉन्क्लेव 2026 का आयोजन किसने किया?
इसका आयोजन कोयंबटूर स्थित SSVM इंस्टीट्यूशंस द्वारा किया गया।

इस कार्यक्रम में कौन से प्रमुख व्यक्तित्व शामिल हुए?
अभिनव बिंद्रा, ऋतुराज गायकवाड़ और एयर कमोडोर प्रशांत बालकृष्णन नायर मुख्य आकर्षण रहे।