प्रसिद्ध अभिनेता शेखर सुमन ने जया बच्चन के साथ काम करने के अपने शुरुआती दिनों को याद करते हुए एक चौंकाने वाला खुलासा किया है, जिसमें उन्होंने अपने पहले लाइव नेशनल अवार्ड्स शो को एक 'बड़ा आपदा' बताया है।
- शेखर सुमन ने जया बच्चन के साथ अपने पहले लाइव नेशनल अवार्ड्स शो को एक 'बड़ा आपदा' बताया।
- उन्होंने बताया कि कैसे जया बच्चन 'देख भाई देख' जैसे शो में अत्यधिक सक्रिय भूमिका निभाती थीं।
- तकनीकी खराबी और लाइव ब्रॉडकास्ट के दौरान हुई गलतियों ने उस शो को चुनौतीपूर्ण बना दिया था।
मशहूर अभिनेता शेखर सुमन, जिन्हें कभी टेलीविजन का 'अमिताभ बच्चन' कहा जाता था, ने हाल ही में अपने करियर के कुछ अनछुए और चुनौतीपूर्ण पलों को साझा किया है। उन्होंने विशेष रूप से दिग्गज अभिनेत्री जया बच्चन के साथ अपने काम करने के अनुभवों और एक ऐसे लाइव शो के बारे में बात की जिसे उन्होंने एक "बड़ा आपदा" (Huge Disaster) करार दिया।
शेखर सुमन ने बताया कि जया बच्चन के प्रोडक्शन हाउस के साथ उनका जुड़ाव काफी गहरा रहा है। उन्होंने 1990 के दशक के क्लासिक सिटकॉम 'देख भाई देख' का जिक्र करते हुए कहा कि शुरुआत में वे टेलीविजन के प्रति बहुत नकारात्मक थे। हालांकि, जब उन्हें पता चला कि इस शो को जया बच्चन प्रोड्यूस कर रही हैं, तो उनकी रुचि बदल गई। शेखर के अनुसार, जया बच्चन केवल एक निर्माता नहीं थीं, बल्कि वे सेट पर खुद मौजूद रहकर हर बारीकी की निगरानी करती थीं और कलाकारों का उत्साह बढ़ाती थीं।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि भारतीय टेलीविजन के स्वर्ण युग के दौरान, प्रोडक्शन की गुणवत्ता और कलाकारों के बीच का समन्वय ही ऐसे कालजयी शो बनाने में सहायक होता था। जया बच्चन की सक्रिय भागीदारी ने न केवल शो की गुणवत्ता को बनाए रखा, बल्कि नए कलाकारों को एक सुरक्षित और रचनात्मक वातावरण भी प्रदान किया।
"जया जी केवल एक निर्माता नहीं थीं, वे सेट पर एक मार्गदर्शक की तरह थीं जो हर छोटी चीज पर ध्यान देती थीं।" - शेखर सुमन
अपने सबसे चौंकाने वाले खुलासे में, सुमन ने अपने पहले लाइव नेशनल अवार्ड्स शो का वर्णन किया, जिसे जया बच्चन की कंपनी आयोजित कर रही थी। उन्होंने बताया कि वह शो तकनीकी विफलताओं की एक श्रृंखला बन गया था। बिजली की खराबी के साथ-साथ, 'आउटसाइड ब्रॉडकास्ट' (OB) वैन में हो रही अपशब्दों की बातचीत भी लाइव ब्रॉडकास्ट में शामिल हो गई थी, जिससे स्थिति काफी असहज हो गई थी।
इस घटना के बावजूद, शेखर ने बताया कि उस दौरान उन्हें बच्चन परिवार के साथ काफी समय बिताने का मौका मिला। उन्होंने याद किया कि कैसे वे दिल्ली में बच्चन साहब के घर पर घंटों बैठकर नए विचारों पर चर्चा करते थे। यह उनके करियर का एक ऐसा दौर था जिसने उन्हें टेलीविजन और फिल्म जगत के बीच के सेतु के रूप में स्थापित किया।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: शेखर सुमन ने 'देख भाई देख' में काम करने के लिए क्यों हाँ कहा?
उत्तर: शुरुआत में वे टीवी के खिलाफ थे, लेकिन जया बच्चन के प्रोडक्शन से जुड़े होने की खबर सुनकर उन्होंने शो देखने का फैसला किया।
प्रश्न 2: नेशनल अवार्ड्स शो में क्या समस्या हुई थी?
उत्तर: शो के दौरान बिजली की विफलता हुई और OB वैन में हो रही बातचीत भी लाइव प्रसारित हो गई थी।