NEET UG 2026 पुनः परीक्षा में OMR उत्तर पत्रिकाओं की चुनौती करने की अंतिम तिथि 15 जुलाई निर्धारित की गई है। उम्मीदवार अब अपना जवाब पुनः जांच सकते हैं और संभावित त्रुटियों को सुधार सकते हैं।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • NEET UG 2026 पुनः परीक्षा OMR चुनौती विंडो 15 जुलाई तक खुली है
  • उम्मीदवार 24 घंटे में उत्तर पत्रिका पुनः जांच सकते हैं
  • चुनौती प्रक्रिया में सीमित बार पुनः स्कैनिंग और अपील शामिल हैं

राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित NEET UG 2026 पुनः परीक्षा की OMR (ऑप्टिकल मार्क रीडिंग) चुनौती विंडो 15 जुलाई, 2026 तक खुली रखी गई है। यह अवधि उन सभी अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण है जिन्होंने अपनी उत्तर पत्रिका के स्कोर में संभावित त्रुटियों की आशंका जताई है।

पृष्ठभूमि

NEET (नेशनल एलिजिबिलिटी एंट्रेंस टेस्ट) भारत में मेडिकल और डेंटल कोर्सों में प्रवेश का प्रमुख द्वार है। 2022 में परीक्षा को दो चरणों में विभाजित किया गया, जिससे पुनः परीक्षा (रि-एग्जाम) की अवधारणा सामने आई। पुनः परीक्षा के बाद, उत्तर पत्रिकाओं की OMR स्कैनिंग को दोबारा जाँचने की अनुमति दी गई, जिससे उम्मीदवारों को संभावित तकनीकी या मानवीय त्रुटियों से बचाव मिलता है।

चुनौती प्रक्रिया

उम्मीदवारों को अपनी उत्तर पत्रिका की डिजिटल कॉपी डाउनलोड करने के बाद, 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म पर OMR चुनौती दर्ज करनी होगी। चुनौती में तीन मुख्य विकल्प होते हैं: (1) स्कैनिंग त्रुटि, (2) अंक गणना में गलती, और (3) उत्तर पत्रिका के असमान्य रूप से पढ़े जाने की समस्या। प्रत्येक चुनौती के लिए प्रमाणित दस्तावेज़ या स्क्रीनशॉट अपलोड करना अनिवार्य है।

महत्व और प्रभाव

OMR चुनौती का सफलतापूर्ण परिणाम उम्मीदवार के कुल स्कोर में वृद्धि कर सकता है, जिससे उनके चयन की संभावनाएं बढ़ती हैं। पिछले वर्ष के डेटा के अनुसार, लगभग 12% अभ्यर्थियों ने चुनौती के माध्यम से कम से कम 5 अंक की वृद्धि प्राप्त की। यह सुधार विशेष रूप से राज्य quota और निजी कॉलेजों के कटऑफ़ में अंतर ला सकता है।

आगामी कदम

उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी उत्तर पत्रिका को सावधानीपूर्वक जांचें, सभी उत्तरों को दोबारा पढ़ें, और यदि कोई विसंगति महसूस हो तो तुरंत चुनौती दर्ज करें। चुनौती के बाद, NTA (नेशनल टेस्ट एजेंसी) द्वारा दोबारा स्कैनिंग की जाएगी और परिणाम 48 घंटे के भीतर अपडेट किया जाएगा।

संक्षेप में, 15 जुलाई की अंतिम तिथि नज़रअंदाज़ न करें; यह वह मौका है जब अभ्यर्थी अपनी मेहनत का सही मूल्य प्राप्त कर सकते हैं।