फिल्म 'गजनी' और 'लगान' के मशहूर खलनायक प्रदीप रावत का 74 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। ब्लड कैंसर के कारण उनका प्लेटलेट काउंट खतरनाक स्तर तक गिर गया था।
मुख्य बातें
- प्रदीप रावत का निधन ब्लड कैंसर के दोबारा उभरने और प्लेटलेट काउंट गिरने से हुआ।
- उनका प्लेटलेट काउंट गिरकर मात्र 6,000 प्रति माइक्रोलिटर रह गया था।
- विशेषज्ञों के अनुसार, कम प्लेटलेट काउंट आंतरिक रक्तस्राव का गंभीर खतरा पैदा करता है।
बॉलीवुड के जाने-माने अभिनेता प्रदीप रावत, जिन्हें 'गजनी' और 'लगान' जैसी फिल्मों में उनके शक्तिशाली किरदारों के लिए जाना जाता था, का 74 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उनके प्रबंधक सिद्धार्थ तिवारी के अनुसार, रावत पिछले कुछ महीनों से ब्लड कैंसर से जूझ रहे थे। स्थिति तब गंभीर हो गई जब उनका प्लेटलेट काउंट अचानक गिरकर मात्र 6,000 प्रति माइक्रोलिटर रह गया, जिससे उनकी जान चली गई।
बीमारी का सफर और संघर्ष
प्रदीप रावत ने चार साल पहले पेट के कैंसर को सफलतापूर्वक मात दी थी। वे अप्रैल तक पूरी तरह स्वस्थ थे, लेकिन मई में उन्हें वजन घटने और कमजोरी महसूस होने लगी। जांच में पता चला कि उन्हें अब ब्लड कैंसर है। जुलाई में उन्हें कोकिलाबेन अस्पताल में भर्ती कराया गया और बाद में मुंबई के भिवंडी स्थित एक कैंसर विशेषज्ञ अस्पताल में उपचार के लिए स्थानांतरित कर दिया गया।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि कैंसर के मरीजों के लिए प्लेटलेट काउंट की निगरानी करना जीवन रक्षक हो सकता है। जब कैंसर बोन मैरो (अस्थि मज्जा) तक फैल जाता है, तो शरीर रक्त कोशिकाओं का उत्पादन करने में असमर्थ हो जाता है, जो घातक हो सकता है।
प्लेटलेट काउंट का अत्यधिक कम होना एक मेडिकल इमरजेंसी है, क्योंकि इससे मस्तिष्क या जठरांत्र संबंधी मार्ग में अचानक आंतरिक रक्तस्राव का खतरा बढ़ जाता है।
प्लेटलेट काउंट और स्वास्थ्य तुलना
| स्थिति | प्लेटलेट काउंट (प्रति माइक्रोलिटर) | जोखिम स्तर |
|---|---|---|
| सामान्य स्तर | 1.5 लाख - 4.5 लाख | न्यूनतम |
| गंभीर गिरावट | 6,000 - 20,000 | अत्यधिक उच्च (मेडिकल इमरजेंसी) |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. कम प्लेटलेट काउंट के लक्षण क्या हैं?
मसूड़ों से खून आना, नाक से रक्तस्राव, त्वचा पर लाल या बैंगनी धब्बे (petechiae) और बिना कारण अत्यधिक थकान इसके प्रमुख लक्षण हैं।
2. क्या कैंसर हमेशा प्लेटलेट कम करता है?
जरूरी नहीं, लेकिन कैंसर जब बोन मैरो को प्रभावित करता है, तो प्लेटलेट काउंट में भारी गिरावट आ सकती है।