YSRCP नेता धरमना प्रसाद राव ने आरोप लगाया है कि भोगपुरम हवाई अड्डे का पूरा आधार पूर्व मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी के प्रयासों से तैयार हुआ था, जबकि वर्तमान सरकार इसका श्रेय लेने की कोशिश कर रही है।

मुख्य बिंदु

  • धरमना प्रसाद राव ने भोगपुरम हवाई अड्डे के लिए जगन मोहन रेड्डी के प्रयासों को श्रेय दिया।
  • YSRCP का दावा है कि पूर्व सरकार ने भूमि अधिग्रहण और बुनियादी ढांचे पर ₹1,200 करोड़ खर्च किए।
  • वर्तमान NDA सरकार पर परियोजना का श्रेय चुराने का आरोप लगाया गया है।
  • विशाखापत्तनम और हवाई अड्डे के बीच कनेक्टिविटी सड़कों के अधूरे होने पर भी सवाल उठाए गए।

विशाखापत्तनम में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, पूर्व मंत्री और वरिष्ठ YSRCP नेता धरमना प्रसाद राव ने स्पष्ट रूप से कहा कि 'अल्लूरी सीता राम राजू अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा' (भोगपुरम हवाई अड्डा) केवल पूर्व मुख्यमंत्री वाई.एस. जगन मोहन रेड्डी के दूरदर्शी प्रयासों के कारण संभव हो पाया है।

धरमना ने विस्तार से बताया कि मई 2023 में जगन मोहन रेड्डी ने न केवल इसकी आधारशिला रखी थी, बल्कि भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास और resettlement (पुनर्वास) पैकेज, तथा विभिन्न केंद्रीय विभागों से आवश्यक मंजूरी सुनिश्चित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने कहा कि बिजली और पानी की व्यवस्था भी पिछली सरकार द्वारा ही की गई थी।

क्यों महत्वपूर्ण है यह मुद्दा?

BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह मामला केवल एक हवाई अड्डे का नहीं है, बल्कि यह आंध्र प्रदेश की राजनीति में श्रेय लेने की लड़ाई का प्रतीक है। जहाँ एक ओर YSRCP अपनी पिछली उपलब्धियों को रेखांकित कर रही है, वहीं NDA सरकार के कामकाज पर सवाल उठाकर चुनावी माहौल को गरमा रही है।

राजनीतिक श्रेय की यह जंग विकास कार्यों के वास्तविक मूल्यांकन को धुंधला कर सकती है।

धरमना ने यह भी खुलासा किया कि पिछली YSRCP सरकार ने भूमि अधिग्रहण और बुनियादी ढांचे के लिए लगभग ₹1,200 करोड़ खर्च किए थे। उन्होंने वर्तमान NDA सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि दो साल बीत जाने के बाद भी विशाखापत्तनम और भोगपुरम हवाई अड्डे के बीच जोड़ने वाली सड़कें अभी तक पूरी नहीं हुई हैं।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

भोगपुरम हवाई अड्डे का विचार आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम क्षेत्र में हवाई संपर्क को बेहतर बनाने के लिए लाया गया था। यह परियोजना राज्य की आर्थिक प्रगति और पर्यटन के लिए एक गेम-चेंजर मानी जा रही है, लेकिन राजनीतिक खींचतान ने इसकी चर्चा को केंद्र में ला दिया है।

क्या आप जानते हैं?: भोगपुरम हवाई अड्डे को भविष्य के अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. धरमना प्रसाद राव ने क्या आरोप लगाया है?
उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान NDA सरकार भोगपुरम हवाई अड्डे का श्रेय लेने की कोशिश कर रही है, जबकि इसका आधार जगन मोहन रेड्डी ने तैयार किया था।

2. पिछली सरकार ने इस परियोजना पर कितना खर्च किया?
YSRCP के अनुसार, पिछली सरकार ने भूमि अधिग्रहण और बुनियादी ढांचे पर लगभग ₹1,200 करोड़ खर्च किए थे।