भारत के भारोत्तोलक ऋषिकांत सिंह चनामबम ने ग्लासगो में आयोजित राष्ट्रमंडल खेल 2026 में पुरुषों के 60 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक जीता है। उन्होंने स्नैच राउंड में 121 किलोग्राम भार उठाकर राष्ट्रमंडल खेलों का नया रिकॉर्ड भी स्थापित किया, जो भारत के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह पदक भारत के लिए खेलों में पहला पदक भी है।
मुख्य बातें
- ऋषिकांत सिंह ने CWG 2026 में पुरुषों के 60 किलोग्राम भारोत्तोलन वर्ग में रजत पदक जीता।
- उन्होंने स्नैच राउंड में 121 किलोग्राम उठाकर एक नया राष्ट्रमंडल खेल रिकॉर्ड स्थापित किया।
- कुल 264 किलोग्राम भार उठाकर भारत को पोडियम पर जगह दिलाई।
- ऋषिकांत भारतीय सेना से प्रशिक्षित हैं और 2025 में राष्ट्रीय रिकॉर्ड के साथ गोल्ड जीत चुके हैं।
ग्लासगो, स्कॉटलैंड: भारत के प्रतिभाशाली भारोत्तोलक ऋषिकांत सिंह चनामबम ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में देश को पहला पदक दिलाते हुए इतिहास रच दिया है। रविवार, 26 जुलाई 2026 को ग्लासगो में आयोजित इन खेलों के चौथे दिन, मणिपुर के इस एथलीट ने पुरुषों के 60 किलोग्राम भारोत्तोलन वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया।
ऋषिकांत ने कुल 264 किलोग्राम (स्नैच में 121 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 143 किलोग्राम) का प्रभावशाली भार उठाकर पोडियम पर अपनी जगह पक्की की। उनका सबसे बड़ा क्षण स्नैच राउंड में आया, जहाँ उन्होंने 121 किलोग्राम का भार उठाकर राष्ट्रमंडल खेलों का एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया, जो पूर्व मानक 120 किलोग्राम से अधिक था। हालांकि, बाद में मलेशिया के बिन कासदान मोहम्मद अनिक ने भी अपने तीसरे प्रयास में 121 किलोग्राम उठाकर इस रिकॉर्ड की बराबरी कर ली।
यह क्यों मायने रखता है
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, ऋषिकांत सिंह का यह प्रदर्शन केवल एक पदक जीत से कहीं अधिक है। यह भारतीय भारोत्तोलन की बढ़ती शक्ति और एथलीटों के समर्पण का प्रमाण है। एक नया गेम रिकॉर्ड बनाना यह दर्शाता है कि भारतीय खिलाड़ी वैश्विक मंच पर प्रतिस्पर्धा करने और उत्कृष्टता प्राप्त करने में सक्षम हैं। यह उपलब्धि युवा एथलीटों को प्रेरित करेगी और देश में भारोत्तोलन के खेल को और बढ़ावा देगी।
“ऋषिकांत का स्नैच रिकॉर्ड और रजत पदक उनकी अटूट भावना और भारतीय सेना के अनुशासन का प्रमाण है, जो एक मजबूत खेल राष्ट्र के रूप में भारत की स्थिति को मजबूत करता है।”
ऋषिकांत सिंह, जो मणिपुर के इम्फाल वेस्ट से ताल्लुक रखते हैं, ने अपनी प्रतिभा को भारतीय सेना के उत्कृष्ट खेल ढांचे में निखारा है। इस पृष्ठभूमि ने उन्हें न केवल शारीरिक रूप से मजबूत बनाया है, बल्कि मानसिक रूप से भी दृढ़ता प्रदान की है। उनका करियर पहले भी उल्लेखनीय रहा है, जिसमें 2025 में अहमदाबाद में आयोजित राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक और एक नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड शामिल है। उस प्रतियोगिता में उन्होंने 271 किलोग्राम का अपना सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत स्कोर हासिल कर राष्ट्रमंडल खेलों के लिए अपनी जगह पक्की की थी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- ऋषिकांत सिंह ने CWG 2026 में क्या उपलब्धि हासिल की?
ऋषिकांत सिंह ने पुरुषों के 60 किलोग्राम भारोत्तोलन वर्ग में रजत पदक जीता और स्नैच में 121 किलोग्राम का नया राष्ट्रमंडल खेल रिकॉर्ड बनाया। - उनके स्नैच रिकॉर्ड का क्या महत्व है?
121 किलोग्राम का स्नैच रिकॉर्ड पिछले राष्ट्रमंडल खेल रिकॉर्ड को तोड़ता है, जो खेल में उनकी असाधारण शक्ति और तकनीकी कौशल को दर्शाता है, और भारत के लिए एक महत्वपूर्ण पहचान है।