सूरत के श्याम संगिनी टेक्सटाइल मार्केट में आधी रात को लगी भीषण आग ने छठी मंजिल की एक दर्जन से अधिक दुकानों को तबाह कर दिया और एक अग्निशामक कर्मी घायल हो गया।
- सूरत के श्याम संगिनी टेक्सटाइल मार्केट में आधी रात को भीषण आग लगी।
- छठी मंजिल पर स्थित एक दर्जन से अधिक दुकानें बुरी तरह क्षतिग्रस्त।
- 25 दमकल गाड़ियां और 150 कर्मी तैनात; एक जवान घायल।
गुजरात के सूरत शहर के एक बहुमंजिला कपड़ा बाजार में भीषण आग लग गई, जिससे एक दर्जन से अधिक दुकानें नष्ट हो गईं और एक अग्निशामक कर्मी घायल हो गया। यह घटना श्याम संगिनी टेक्सटाइल मार्केट में घटित हुई, जहाँ आधी रात के समय आग की लपटों ने छठी मंजिल को अपनी चपेट में ले लिया।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी बसंत पारीक ने बताया कि आग पर काबू पाने के लिए 25 दमकल वाहनों, टर्नटेबल लैडर्स और हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म्स के साथ लगभग 150 अग्निशमन कर्मियों और अधिकारियों को तैनात किया गया था। आग को पूरी तरह नियंत्रित करने में करीब 7 से 8 घंटे का समय लगा।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि सूरत के कपड़ा बाजारों में बार-बार लगने वाली आग, उच्च-घनत्व वाले वाणिज्यिक क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा नियमों के पालन में गंभीर विफलता को दर्शाती है। सिंथेटिक कपड़ों की भारी मौजूदगी और संकरी गलियां इन बाजारों को 'बारूद के ढेर' जैसा बना देती हैं।
टेक्सटाइल हब में आग का तेजी से फैलना अक्सर गलियारों में रखे सिंथेटिक सामानों के कारण होता है, जो सुरक्षा प्रोटोकॉल का उल्लंघन है।
स्थानीय व्यापारियों के अनुसार, आग छठी मंजिल पर दुकानों के बाहर रखे सिंथेटिक सामानों से शुरू हुई और देखते ही देखते कई अन्य प्रतिष्ठानों में फैल गई। सिंथेटिक सामग्री ने ईंधन का काम किया, जिससे आग की तीव्रता अत्यधिक बढ़ गई।
इस कठिन बचाव अभियान के दौरान एक अग्निशामक कर्मी घायल हो गया। स्वास्थ्य बिगड़ने के कारण उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उसका उपचार जारी है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
सूरत में कपड़ा बाजारों में आग लगने की घटनाएं पहले भी कई बार हो चुकी हैं। सिंथेटिक कपड़ों के वैश्विक केंद्र होने के कारण, यहाँ के बाजारों में अत्यधिक ज्वलनशील सामग्री का भंडारण होता है। पूर्व की घटनाओं में अक्सर शॉर्ट सर्किट और पुराने भवनों में स्प्रिंकलर सिस्टम की कमी को मुख्य कारण माना गया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
श्याम संगिनी मार्केट में आग लगने का कारण क्या था?
आधिकारिक जांच जारी है, लेकिन व्यापारियों का मानना है कि छठी मंजिल पर बाहर रखे सिंथेटिक सामानों ने आग को तेजी से फैलाने में भूमिका निभाई।
ऑपरेशन में कितने कर्मचारी शामिल थे?
इस अभियान में लगभग 150 अग्निशमन कर्मी और अधिकारी शामिल थे, जिन्हें 25 विशेष वाहनों का समर्थन प्राप्त था।