एक नए शोध के अनुसार, मीठे स्वाद वाले खाद्य पदार्थों को कम करने से न तो मीठे की इच्छा कम होती है और न ही स्वास्थ्य में सुधार होता है। वैज्ञानिकों ने सुझाव दिया है कि समस्या 'स्वाद' नहीं बल्कि 'चीनी' की मात्रा है।
मुख्य बातें
- मीठा कम करने से स्वाद की प्राथमिकता में कोई बदलाव नहीं आता।
- चीनी की मात्रा और कैलोरी स्वास्थ्य के लिए अधिक महत्वपूर्ण हैं।
- स्वाद और चीनी एक समान नहीं हैं; फल मीठे होते हैं पर स्वस्थ हैं।
हाल ही में किए गए एक छह महीने के अध्ययन ने पोषण संबंधी स्थापित धारणाओं को चुनौती दी है। Bournemouth University और Wageningen University के शोधकर्ताओं ने पाया कि मीठे स्वाद वाले भोजन को कम करने से लोगों की मीठे के प्रति पसंद या उनके स्वास्थ्य संकेतकों (health markers) में कोई महत्वपूर्ण बदलाव नहीं आया।
स्वाद बनाम चीनी: एक महत्वपूर्ण अंतर
अध्ययन में पाया गया कि जो लोग कम मीठा खाते थे, उनकी मीठे के प्रति लालसा कम नहीं हुई। शोधकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि 'मिठास' (sweetness) और 'चीनी' (sugar) दो अलग चीजें हैं। एक खाद्य पदार्थ प्राकृतिक रूप से मीठा हो सकता है (जैसे फल) या कृत्रिम मिठास वाला हो सकता है।
BozokMedia विश्लेषण: यह क्यों मायने रखता है?
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह शोध सार्वजनिक स्वास्थ्य सलाहों के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है। अब तक दुनिया भर में मोटापे से लड़ने के लिए 'मीठे स्वाद' से बचने की सलाह दी जाती रही है, लेकिन यह अध्ययन बताता है कि हमें स्वाद के बजाय 'ऊर्जा-सघन' (energy-dense) और 'चीनी युक्त' खाद्य पदार्थों पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।
"मीठा कम करने से मोटापा कम नहीं होगा, बल्कि चीनी की खपत कम करने पर ध्यान देना होगा," प्रोफेसर कैथरीन एप्पलटन ने कहा।
शोध में 180 प्रतिभागियों को तीन समूहों में बांटा गया था: उच्च-मीठा, कम-मीठा और औसत-मीठा आहार। छह महीने के बाद, शरीर के वजन, मधुमेह (diabetes) और हृदय रोग से जुड़े संकेतकों में कोई खास अंतर नहीं देखा गया।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
दशकों से, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) जैसे निकायों ने आहार संबंधी सलाह दी है कि मीठे स्वाद वाले खाद्य पदार्थों को कम किया जाए। हालांकि, यह शोध इस व्यापक सलाह की प्रभावशीलता पर सवाल उठाता है क्योंकि यह पोषण संबंधी गुणवत्ता की अनदेखी करती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
1. क्या मीठा कम करने से वजन घटता है?
अध्ययन के अनुसार, केवल मीठे स्वाद को कम करने से वजन पर कोई खास असर नहीं पड़ा; मुख्य कारक चीनी और कैलोरी की मात्रा है।
2. क्या फल खाना बंद कर देना चाहिए?
नहीं, फल प्राकृतिक रूप से मीठे होते हैं लेकिन उनमें विटामिन और फाइबर होता है, जो उन्हें स्वस्थ बनाता है।