तेलंगाना के खाद्य और आवश्यक दवा मानक प्राधिकरण (TG SAFE) ने नशीली और बिना प्रिस्क्रिप्शन वाली दवाओं की अवैध बिक्री के मामले में 158 मेडिकल स्टोरों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं।
- TG SAFE ने तेलंगाना भर में 158 मेडिकल स्टोरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है।
- बिना डॉक्टर के पर्चे के नशीली और आदत बनाने वाली दवाओं की बिक्री मुख्य कारण है।
- नागरिक अवैध गतिविधियों की रिपोर्ट टोल-फ्री नंबर 1800 599 6969 पर कर सकते हैं।
तेलंगाना में स्वास्थ्य और सुरक्षा मानकों को लेकर एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। तेलंगाना स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी फॉर फूड एंड एसेंशियल ड्रग्स (TG SAFE) के ड्रग्स विंग ने राज्य भर में एक विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया, जिसके परिणामस्वरूप 158 मेडिकल स्टोरों को कारण बताओ नोटिस (show-cause notices) जारी किए गए हैं। यह कार्रवाई विशेष रूप से उन मेडिकल दुकानों को लक्षित करती है जो बिना वैध प्रिस्क्रिप्शन के नशीली और आदत बनाने वाली दवाएं बेच रहे थे।
अवैध दवाओं की सूची और उल्लंघन के प्रकार
जांच के दौरान पाया गया कि कई फार्मेसी बिना किसी पंजीकृत चिकित्सक के पर्चे के Tramadol, Pregabalin, Nitrazepam, Alprazolam, Tapentadol, और Zolpidem जैसी गंभीर दवाओं का अवैध रूप से व्यापार कर रही थीं। इसके अलावा, कोडीन युक्त कफ सिरप की अनधिकृत बिक्री भी एक प्रमुख मुद्दा रही।
दवा विक्रेताओं द्वारा किए गए अन्य गंभीर उल्लंघनों में बिल जारी न करना, बिक्री और खरीद के बिलों का रखरखाव न करना, और Schedule H1 रजिस्टरों को अपडेट न रखना शामिल है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि कई दुकानों पर पंजीकृत फार्मासिस्ट की अनुपस्थिति में दवाएं बेची जा रही थीं, जो सीधे तौर पर सार्वजनिक स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि बिना नियंत्रण के इन दवाओं की उपलब्धता समाज में नशीले पदार्थों के दुरुपयोग और स्वास्थ्य संकट को जन्म दे सकती है। जब मेडिकल स्टोर बिना प्रिस्क्रिप्शन के 'हैबिट-फॉर्मिंग' (आदत बनाने वाली) दवाएं बेचते हैं, तो यह न केवल कानूनी उल्लंघन है, बल्कि एक गंभीर सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल का संकेत है।
दवाओं के अनियंत्रित वितरण को रोकना न केवल कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए, बल्कि भविष्य की जनसांख्यिकीय स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए भी अनिवार्य है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
भारत में दवाओं के सख्त नियमों, विशेष रूप से Schedule H और H1 दवाओं के लिए, का उद्देश्य नशीली दवाओं के दुरुपयोग को रोकना है। समय-समय पर ड्रग कंट्रोलर द्वारा ऐसे अभियान चलाए जाते हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि जीवन रक्षक और नशीली दवाएं केवल डॉक्टर की देखरेख में ही उपलब्ध हों।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: अवैध दवाओं की रिपोर्ट कैसे करें?
उत्तर: नागरिक TG SAFE के टोल-फ्री नंबर 1800 599 6969 पर कॉल करके रिपोर्ट कर सकते हैं।
प्रश्न 2: TG SAFE क्या है?
उत्तर: यह तेलंगाना में खाद्य और आवश्यक दवाओं के मानकों की निगरानी करने वाली संस्था है।