सूरत के PP सावानी अंतरराष्ट्रीय स्कूल के छात्रावास में 85 छात्रों के बीच खाद्य विषाक्तता के संदेह के बाद, स्वास्थ्य मंत्री पर्फ़ुल पंसरीया ने पूरे राज्य में सभी छात्रावासों का निरीक्षण करने का आदेश दिया। यह कदम मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOP) के पालन को सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

  • 85 छात्रों में से 73 को हल्की शिकायतें, 12 अस्पताल में भर्ती, 8 अभी भी उपचार में
  • सूरत नगर निगम ने किचन और कैफेटेरिया का निरीक्षण किया, 6 नमूने लिए
  • गुजरात सरकार ने सभी छात्रावासों का राज्य‑व्यापी निरीक्षण अनिवार्य किया

सूरत के PP सावानी अंतरराष्ट्रीय स्कूल के छात्रावास में पिछले शनिवार लगभग 85 छात्रों ने पेट दर्द और उल्टी की शिकायत की, जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया। 12 छात्रों को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिनमें 9 लड़कियाँ और 3 लड़के शामिल थे। सूरत नगर निगम की रिपोर्ट के अनुसार, 4 छात्रों को आज छुट्टी दे दी गई है और 8 अभी भी उपचाराधीन हैं।

स्वास्थ्य मंत्री पर्फ़ुल पंसरीया ने रविवार को वीडियो बयान में बताया कि यह मामला खाद्य विषाक्तता, जलजनित संक्रमण या अन्य किसी स्वास्थ्य समस्या से संबंधित हो सकता है। उन्होंने कहा, “गुजरात के सभी छात्रावास, चाहे सरकारी हो, अर्ध-सरकारी हो या निजी, में मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOP) के अनुपालन की जाँच अनिवार्य है।”

सूरत के साक्षरता और स्वास्थ्य विभाग ने किचन तथा कैफेटेरिया में इस्तेमाल होने वाले खाद्य पदार्थों के नमूने लिए और निरीक्षण के दौरान स्वच्छता मानकों का पालन नहीं होने का पता चला। संस्था को तुरंत अस्पताल से संपर्क करने के निर्देश दिए गए।

क्यों महत्वपूर्ण है

BozokMedia विश्लेषण बताता है कि छात्रावासों में खाद्य सुरक्षा की अनदेखी से व्यापक स्वास्थ्य संकट उत्पन्न हो सकता है, खासकर जब युवा छात्रों का प्रतिरक्षा तंत्र अभी विकसित हो रहा हो। राज्य स्तर पर निरीक्षण से निवारक कदम उठाने और भविष्य में इसी तरह की घटनाओं को रोकने का आधार तैयार होता है।

“छात्रावासों में SOP का सख्त पालन सार्वजनिक स्वास्थ्य की पहली रक्षा पंक्ति है,” कहते हैं डॉ. अनिल कुमार, सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ।
क्या आप जानते हैं? भारत में 2019 से 2023 के बीच छात्रावासों में खाद्य विषाक्तता के मामलों में 18% की वृद्धि हुई है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. क्या यह घटना सिर्फ सूरत तक सीमित है?

नहीं, यह घटना सूरत तक सीमित नहीं है। स्वास्थ्य मंत्री ने राज्य के सभी छात्रावासों का निरीक्षण अनिवार्य किया है।

2. छात्रावासों में SOP क्या होता है?

SOP में भोजन की तैयारी, भंडारण, स्वच्छता और आपातकालीन प्रोटोकॉल शामिल हैं, जो छात्रों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए आवश्यक हैं।