भारत सरकार ने राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' के गायन और वादन के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अब सभी छह छंदों का गायन अनिवार्य होगा और इसे राष्ट्रगान से पहले गाया जाएगा।

मुख्य बातें

  • राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' अब सभी छह छंदों में गाया जाएगा।
  • नियमों के अनुसार, 'वंदे मातरम' को हमेशा राष्ट्रगान 'जन गण मन' से पहले बजाया या गाया जाएगा।
  • राष्ट्रीय गीत के गायन में बाधा डालना अब एक आपराधिक अपराध है।
  • गीत की कुल अवधि लगभग 3 मिनट 10 सेकंड होनी चाहिए।

भारत सरकार ने राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' के गायन और वादन के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। यह कदम 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान (संशोधन) अधिनियम, 2026' के लागू होने के बाद उठाया गया है। नए नियमों के अनुसार, अब राष्ट्रीय गीत के सभी छह छंदों का गायन अनिवार्य कर दिया गया है, जबकि पहले केवल पहले दो छंदों का ही चलन था।

गायन और वादन के कड़े नियम

सरकार द्वारा जारी सर्कुलर के अनुसार, जब भी राष्ट्रीय गीत और राष्ट्रगान दोनों बजाए जाने हों, तो 'वंदे मातरम' को 'जन गण मन' से पहले प्रस्तुत किया जाएगा। यदि इसे किसी बैंड द्वारा बजाया जा रहा है, तो श्रोताओं को सूचित करने के लिए ड्रम रोल (Drum Roll) का उपयोग किया जाएगा। इस ड्रम रोल की अवधि मार्चिंग ड्रिल के अनुसार 7 धीमी चाल (Slow March) के कदमों के बराबर होगी।

क्यों है यह महत्वपूर्ण?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इन नियमों का उद्देश्य राष्ट्रीय प्रतीकों की गरिमा को बनाए रखना और उनके प्रति सम्मान सुनिश्चित करना है। नए कानून के तहत, राष्ट्रीय गीत के गायन में जानबूझकर बाधा डालना, उसे रोकना या अपमानित करना अब एक दंडनीय अपराध है। यह कदम देश में देशभक्ति की भावना को सुदृढ़ करने और राष्ट्रीय प्रतीकों के प्रति अनुशासन लाने के लिए उठाया गया है।

राष्ट्रीय प्रतीकों के लिए सख्त नियम देश की सांस्कृतिक और राष्ट्रीय अखंडता को मजबूत करते हैं।

किन अवसरों पर अनिवार्य है?

राष्ट्रीय गीत का गायन निम्नलिखित महत्वपूर्ण अवसरों पर किया जाएगा:

  • राष्ट्रपति के आगमन या प्रस्थान के दौरान औपचारिक राजकीय समारोहों में।
  • जब राज्यपाल या उपराज्यपाल औपचारिक राजकीय समारोहों में उपस्थित हों।
  • जब राष्ट्रीय ध्वज को परेड में लाया जा रहा हो।
  • सभी स्कूलों में, जहाँ दिन की शुरुआत सामूहिक गायन से की जा सकती है।
क्या आप जानते हैं?: बंकिम चंद्र चटर्जी द्वारा रचित 'वंदे मातरम' के सभी छह छंदों का पूर्ण गायन अब आधिकारिक मानक होगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न 1: क्या राष्ट्रीय गीत के दौरान खड़ा होना अनिवार्य है?

हाँ, जब भी राष्ट्रीय गीत का आधिकारिक संस्करण गाया या बजाया जाता है, तो दर्शकों को 'सावधान' (Attention) की मुद्रा में खड़ा होना चाहिए।

प्रश्न 2: क्या फिल्म देखते समय भी खड़ा होना जरूरी है?

नहीं, यदि राष्ट्रीय गीत किसी फिल्म, वृत्तचित्र (Documentary) या न्यूजरील का हिस्सा है, तो दर्शकों से खड़े होने की अपेक्षा नहीं की जाती है ताकि फिल्म के प्रदर्शन में व्यवधान न आए।