मध्य अमेरिका के सबसे सक्रिय ज्वालामुखी, फुएगो में बड़े विस्फोट के बाद ग्वाटेमाला ने उच्च अलर्ट जारी किया है। राख के विशाल गुबार और लावा के प्रवाह के कारण आसपास के गांवों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।
मुख्य बातें
- फुएगो ज्वालामुखी ने 6 किमी से अधिक ऊंचाई तक राख के गुबार छोड़े हैं।
- ग्वाटेमाला सरकार ने देश का दूसरा सबसे ऊंचा आपातकालीन अलर्ट जारी किया है।
- लावा और गर्म मलबे के प्रवाह के कारण पश्चिमी और दक्षिणी ढलानों वाले गांव खतरे में हैं।
ग्वाटेमाला में मध्य अमेरिका के सबसे सक्रिय ज्वालामुखी, फुएगो (Fuego) के बड़े विस्फोट के बाद अधिकारियों ने देश का दूसरा सबसे ऊंचा आपातकालीन अलर्ट स्तर जारी कर दिया है। सोमवार सुबह शुरू हुआ यह विस्फोट रात होते-होते और भी भयानक हो गया, जिससे लावा का प्रवाह बढ़ गया और राख के विशाल गुबार लगभग 6 किलोमीटर (चार मील) की ऊंचाई तक आसमान में फैल गए।
ग्वाटेमाला के ज्वालामुखी विज्ञान संस्थान (Institute of Volcanology) ने एक आधिकारिक बयान में चेतावनी दी है कि ज्वालामुखी "अधिक विस्फोटक चरण की ओर बढ़ रहा है"। राख के ये गुबार 6,000 मीटर से अधिक ऊंचाई तक पहुंच गए हैं, जिससे आसपास के समुदायों में भारी राख का जमाव हो रहा है। अधिकारियों ने राजधानी ग्वाटेमाला सिटी से लगभग 35 किलोमीटर दूर स्थित दो गांवों को तत्काल खाली कराना शुरू कर दिया है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह विस्फोट क्षेत्र की भौगोलिक संवेदनशीलता को दर्शाता है। ग्वाटेमाला प्रशांत 'रिंग ऑफ फायर' (Ring of Fire) पर स्थित है, जो इसे भूकंपीय और ज्वालामुखी गतिविधियों के प्रति अत्यधिक संवेदनशील बनाता है। वर्तमान स्थिति में, ज्वालामुखी के ढलानों से गर्म मलबे के बहने का खतरा सबसे अधिक है, जो किसी भी समय जानलेवा साबित हो सकता है।
ज्वालामुखी का वर्तमान व्यवहार एक बड़े विस्फोट का संकेत दे रहा है, जिससे तत्काल निकासी अनिवार्य है।
ऐतिहासिक रूप से, फुएगो का इतिहास विनाशकारी रहा है। 2018 में हुए एक घातक विस्फोट में 215 लोगों की जान चली गई थी और सैकड़ों लोग लापता हो गए थे। पिछले वर्ष भी विस्फोट के कारण 500 से अधिक लोगों को घर छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा था।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. फुएगो ज्वालामुखी कितना खतरनाक है?
यह मध्य अमेरिका के सबसे सक्रिय ज्वालामुखियों में से एक है और इसके पिछले विस्फोटों में सैकड़ों लोगों की जान गई है।
2. वर्तमान अलर्ट स्तर क्या है?
सरकार ने दूसरा सबसे ऊंचा आपातकालीन अलर्ट जारी किया है, जो लाल अलर्ट (सबसे गंभीर) से एक स्तर नीचे है।