पूर्व ब्रिटिश गृह मंत्री प्रीति पटेल ने भगोड़े हीरा व्यापारी नीरव मोदी के ब्रिटेन में बने रहने पर गहरा रोष व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि प्रत्यर्पण आदेश के बावजूद देरी ने भारत के साथ ब्रिटेन के संबंधों में तनाव पैदा कर दिया है।

मुख्य बातें

  • नीरव मोदी 2021 से ही भारत प्रत्यर्पण के आदेश के बावजूद ब्रिटेन में हिरासत में हैं।
  • पूर्व गृह मंत्री प्रीति पटेल ने इसे ब्रिटिश कानूनी प्रणाली का 'घोर दुरुपयोग' बताया है।
  • इस देरी के कारण भारत और ब्रिटेन के बीच वीजा और शरणार्थी समझौतों में बाधा आई है।
  • नीरव मोदी पर 2 बिलियन डॉलर के पंजाब नेशनल बैंक घोटाले का आरोप है।

पूर्व ब्रिटिश गृह मंत्री प्रीति पटेल ने भगोड़े हीरा व्यापारी नीरव मोदी के ब्रिटेन में लंबे समय तक बने रहने पर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पटेल, जो अब कंजर्वेटिव पार्टी की शैडो फॉरेन सेक्रेटरी हैं, ने कहा कि वह इस बात से "स्तब्ध और भयभीत" हैं कि 2021 में प्रत्यर्पण आदेश मिलने के बावजूद मोदी अभी भी लंदन की जेल में हैं।

कानूनी प्रक्रिया या बहाना?

पटेल ने 'द डेली टेलीग्राफ' पॉडकास्ट में खुलासा किया कि नीरव मोदी के मामले में हो रही देरी ने भारतीय अधिकारियों को अत्यधिक क्रोधित कर दिया है। उन्होंने तर्क दिया कि यदि ब्रिटिश प्रणाली न्यायपूर्ण होती, तो वह केवल प्रक्रियाओं और बहानों में उलझने के बजाय सही निर्णय लेती। पटेल के अनुसार, इस मामले ने भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों, विशेष रूप से वीजा ओवरस्टेयर्स और शरणार्थियों से संबंधित वार्ताओं को जटिल बना दिया है।

क्यों महत्वपूर्ण है यह मामला?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह मामला केवल एक वित्तीय धोखाधड़ी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और कानूनी संधियों की प्रभावशीलता का एक परीक्षण है। नीरव मोदी पर पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के लगभग 2 बिलियन डॉलर के घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग के गंभीर आरोप हैं।

"यह हमारी प्रणाली का घोर दुरुपयोग है और यह ब्रिटिश करदाताओं का भी अपमान है।" - प्रीति पटेल

नीरव मोदी ने ब्रिटेन में अपनी सभी कानूनी उम्मीदें खो दी हैं और कथित तौर पर यूरोपीय मानवाधिकार न्यायालय में भी उनकी याचिका खारिज हो गई है। अब उनका भारत प्रत्यर्पण लगभग तय माना जा रहा है।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

मार्च 2019 में स्कॉटलैंड यार्ड द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद से नीरव मोदी लंदन की पेंटनविले जेल में बंद हैं। उन पर सीबीआई (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा तीन अलग-अलग आपराधिक मामलों में मुकदमा चलाया जा रहा है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. नीरव मोदी पर मुख्य आरोप क्या हैं?
उन पर पंजाब नेशनल बैंक के साथ 2 बिलियन डॉलर की धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है।

2. प्रीति पटेल ने क्या आलोचना की?
उन्होंने ब्रिटेन की कानूनी प्रणाली की आलोचना की है जिसने प्रत्यर्पण आदेश के बावजूद अपराधी को बाहर रहने का मौका दिया।

क्या आप जानते हैं?: नीरव मोदी को 'डायमंड किंग' के रूप में भी जाना जाता था, जिन्होंने वैश्विक हीरा बाजार में एक बड़ा साम्राज्य खड़ा किया था।