अमेरिकी न्याय विभाग ने धोखाधड़ी और गंभीर अपराधों के आरोप में भारतीय मूल के व्यक्ति सहित 25 लोगों की नागरिकता रद्द करने की कार्रवाई शुरू की है। ट्रंप प्रशासन के तहत यह अब तक का सबसे बड़ा 'डिनेचुरलाइजेशन' अभियान बताया जा रहा है।

मुख्य बिंदु

  • भारतीय मूल के नरिंदर सिंह पर धोखाधड़ी और गंभीर अपराधों के आरोप हैं।
  • कुल 25 लोगों के खिलाफ नागरिकता रद्द करने की कार्रवाई की गई है।
  • ट्रंप प्रशासन के कार्यकाल में अब तक 123 ऐसे मामले दर्ज किए जा चुके हैं।
  • आरोपियों में 17 अलग-अलग देशों के नागरिक शामिल हैं।

संयुक्त राज्य अमेरिका के न्याय विभाग (Department of Justice) ने एक बहुत बड़ी कार्रवाई करते हुए भारतीय मूल के एक व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोप है कि 65 वर्षीय नरिंदर सिंह ने धोखाधड़ी, पहचान छिपाने और अन्य गंभीर अपराधों के माध्यम से अमेरिकी नागरिकता प्राप्त की थी।

कार्यकारी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लांच ने सोमवार को जानकारी दी कि सिंह सहित 25 व्यक्तियों की नागरिकता रद्द करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इन लोगों पर 'धोखाधड़ी, तथ्यों को छिपाने या अन्य अवैध आचरण' के माध्यम से नागरिकता हासिल करने का आरोप है। सिंह पर हत्या के प्रयास और बाल यौन शोषण जैसे संगीन आरोप भी लगे हैं।

क्यों महत्वपूर्ण है यह घटना?

BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह कार्रवाई अमेरिकी आव्रजन प्रणाली (Immigration System) की अखंडता को बनाए रखने के लिए ट्रंप प्रशासन के एक बड़े नीतिगत बदलाव का संकेत है। यह न केवल अवैध रूप से नागरिकता प्राप्त करने वालों के लिए एक चेतावनी है, बल्कि यह दर्शाता है कि अमेरिकी सरकार अब पुराने मामलों की भी गहन जांच कर रही है।

"अमेरिकी नागरिकता देश का सर्वोच्च विशेषाधिकार है, और इसे पूरी तरह से कानून और ईमानदारी के साथ प्राप्त किया जाना चाहिए।" - टोड ब्लांच

जांच में यह भी सामने आया है कि सिंह ने 1996 में फर्जी पहचान के साथ अमेरिका में प्रवेश किया था और 2008 में नागरिकता प्राप्त की थी। उनके अलावा, पाकिस्तान के दो नागरिकों और अन्य 17 देशों के लोगों को भी इस कार्रवाई के दायरे में लाया गया है।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

डोनाल्ड ट्रंप के 20 जनवरी, 2025 को कार्यभार संभालने के बाद से, अमेरिकी न्याय विभाग ने नागरिकता रद्द करने (Denaturalization) के 123 मामले दर्ज किए हैं। यह प्रशासन उन लोगों को लक्षित कर रहा है जिन्होंने पहचान धोखाधड़ी, विवाह धोखाधड़ी या लाइसेंस के बिना चिकित्सा अभ्यास जैसे अपराधों के माध्यम से नागरिकता हासिल की है।

क्या आप जानते हैं?: 'डिनेचुरलाइजेशन' वह कानूनी प्रक्रिया है जिसके माध्यम से सरकार किसी व्यक्ति से उसकी नागरिकता वापस ले सकती है यदि यह साबित हो जाए कि वह गलत तरीके से प्राप्त की गई थी।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

1. नागरिकता रद्द करने का मुख्य कारण क्या है?
मुख्य कारण धोखाधड़ी, पहचान छिपाना, और नागरिकता प्राप्त करने के समय गंभीर आपराधिक इतिहास को न बताना है।

2. क्या यह कार्रवाई केवल भारतीयों के लिए है?
नहीं, इस सूची में पाकिस्तान, मेक्सिको, नाइजीरिया और स्वीडन सहित 17 विभिन्न देशों के नागरिक शामिल हैं।