यमन के हूतियों ने लाल सागर और अदन की खाड़ी में दो सऊदी तेल टैंकरों पर मिसाइल हमले का दावा किया है। यह पिछले महीने से जारी समुद्री नाकाबंदी के तहत किया गया आठवां और नौवां हमला है।

मुख्य बातें

  • हूतियों ने 'वफा' और 'डेज़ी' नामक दो सऊदी तेल टैंकरों को निशाना बनाया।
  • लाल सागर और अदन की खाड़ी में हमलों की तीव्रता बढ़ रही है।
  • सऊदी अरब अब तेल निर्यात के लिए उत्तरी लाल सागर के रास्तों का उपयोग कर रहा है।
  • यह नाकाबंदी वैश्विक तेल आपूर्ति को गंभीर रूपतः प्रभावित कर सकती है।

यमन के ईरान-समर्थित हूतियों ने बुधवार को घोषणा की कि उन्होंने सऊदी अरब के दो तेल टैंकरों पर सफल हमले किए हैं। यह हमला सऊदी अरब के खिलाफ जारी समुद्री नाकाबंदी का हिस्सा है, जो पिछले महीने से सक्रिय है।

हूतियों के सैन्य प्रवक्ता याह्या सरेई ने एक वीडियो बयान में बताया कि उन्होंने उत्तरी लाल सागर में, यानबू तट के पास 'वफा' (Wafa) नामक सऊदी तेल टैंकर को बैलिस्टिक मिसाइलों से निशाना बनाया। इसके बाद, उन्होंने अदन की खाड़ी में 'डेज़ी' (Daisy) नामक एक अन्य टैंकर पर भी मिसाइल हमले का दावा किया।

यह क्यों महत्वपूर्ण है?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह संघर्ष केवल क्षेत्रीय नहीं रह गया है, बल्कि वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन गया है। ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में नाकाबंदी के बाद, सऊदी अरब अपनी तेल आपूर्ति के लिए लाल सागर के यानबू बंदरगाह पर निर्भर हो गया है। हूतियों द्वारा इन रास्तों को निशाना बनाना वैश्विक तेल कीमतों में भारी अस्थिरता पैदा कर सकता है।

लाल सागर में बढ़ता तनाव वैश्विक समुद्री व्यापार के सबसे संवेदनशील गलियारों में से एक को युद्ध क्षेत्र में बदल रहा है।

समुद्री डेटा ट्रैकर Kpler के अनुसार, मार्च और जुलाई 2026 के बीच बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य के माध्यम से सऊदी अरब के समुद्री कच्चे तेल के निर्यात में आठ गुना वृद्धि हुई है। जून के महीने में यह आंकड़ा लगभग 100 मिलियन बैरल तक पहुंच गया, जो फरवरी के 7 मिलियन बैरल की तुलना में बहुत अधिक है।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

लाल सागर और बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य सदियों से वैश्विक व्यापार के लिए महत्वपूर्ण रहे हैं। हूतियों और सऊदी अरब के बीच का यह संघर्ष यमन के गृहयुद्ध का एक विस्तार है, जो अब मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक समीकरणों को बदल रहा है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. हूतियों ने किन टैंकरों पर हमला किया?
हूतियों ने 'वफा' और 'डेज़ी' नामक दो सऊदी तेल टैंकरों पर हमले का दावा किया है।

2. इस हमले का वैश्विक प्रभाव क्या होगा?
इससे तेल की आपूर्ति बाधित हो सकती है, जिससे वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आ सकता है।

क्या आप जानते हैं?: बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण 'चोक पॉइंट्स' में से एक है, जो स्वेज नहर को हिंद महासागर से जोड़ता है।