अफगानिस्तान के गजनी प्रांत में एक निजी बगीचे से सोवियत काल का 500 किलोग्राम का भारी बम बरामद किया गया है, जिसे सुरक्षित रूप से नष्ट कर दिया गया है।
मुख्य बातें
- अफगानिस्तान के गजनी प्रांत के सिर गांव में एक भारी बम मिला।
- यह सोवियत काल का 500 किलोग्राम वजन वाला विस्फोटक था।
- सुरक्षा बलों ने बम को पहाड़ी क्षेत्र में ले जाकर सुरक्षित रूप से नष्ट कर दिया।
अफगानिस्तान के पूर्वी हिस्से में स्थित गजनी प्रांत से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। एक स्थानीय निवासी को अपने निजी बगीचे की खुदाई के दौरान एक संदिग्ध वस्तु मिली, जिसकी जांच के बाद पुलिस ने पुष्टि की कि यह सोवियत काल का 500 किलोग्राम का एक विशाल बम है।
गजनी पुलिस प्रवक्ता खालिद सरहदी ने बताया कि बुधवार को सिर गांव में एक घर के आंगन में यह संदिग्ध वस्तु मिली थी। सूचना मिलते ही सुरक्षा बलों और डेनिश रिफ्यूजी काउंसिल की डिमीनिंग (बारूदी सुरंग हटाने वाली) टीम तुरंत मौके पर पहुंची। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, बम को आबादी वाले क्षेत्र से हटाकर एक निर्जन पहाड़ी इलाके में ले जाया गया, जहां इसे सुरक्षित रूप से विस्फोट कर नष्ट कर दिया गया।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि अफगानिस्तान में युद्ध के अवशेष अभी भी आम नागरिकों के लिए एक बड़ा खतरा बने हुए हैं। सोवियत संघ के 1989 में हटने के बाद से, युद्ध के मलबे और बारूदी सुरंगों के कारण 45,000 से अधिक अफगानी नागरिक मारे गए या घायल हुए हैं।
युद्ध के अवशेषों का यह अचानक मिलना दर्शाता है कि दशकों पुराने संघर्षों के निशान आज भी अफगानिस्तान की मिट्टी में छिपे हुए हैं।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
सोवियत संघ ने लगभग एक दशक तक अफगानिस्तान पर कब्जा बनाए रखा था। 1989 में सैनिकों की वापसी के बाद भी, देश में गृहयुद्ध और संघर्षों का सिलसिला जारी रहा। इसके परिणामस्वरूप देश के बड़े हिस्से में भारी मात्रा में अनएक्सप्लोडर ऑर्डनेंस (बिना फटे विस्फोटक) रह गए हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: यह बम कहां मिला था?
उत्तर: यह बम अफगानिस्तान के गजनी प्रांत के सिर गांव में एक निजी बगीचे में मिला था।
प्रश्न 2: बम का वजन कितना था?
उत्तर: बरामद किया गया बम सोवियत काल का था और इसका वजन लगभग 500 किलोग्राम था।