गाजा में जारी युद्ध, विस्थापन और अत्यधिक भूख के बीच माताओं को अपने शिशुओं को स्तनपान कराने के लिए गंभीर स्वास्थ्य और पोषण संबंधी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
- गाजा में युद्ध और विस्थापन के कारण माताओं को गंभीर कुपोषण और मानसिक तनाव का सामना करना पड़ रहा है।
- स्तनपान सहायता केंद्र (Mother and Child Corner) महिलाओं को पोषण और स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं।
- साफ पानी और महंगे फॉर्मूला दूध की कमी ने शिशुओं के अस्तित्व पर संकट खड़ा कर दिया है।
गाजा पट्टी के देइर अल-बलाह में सुबह की पहली किरण के साथ ही इमान हुनेदक (38) अपने नौ महीने की बेटी वार्ड के साथ अपने तंबू से निकलती हैं। उनका गंतव्य है 'हिक़र अल-जामे स्वास्थ्य केंद्र', जहाँ का 'मदर एंड चाइल्ड कॉर्नर' उनके और उनके बच्चे के जीवन के लिए एक उम्मीद की किरण है। युद्ध के बीच मातृत्व का यह सफर केवल शारीरिक नहीं, बल्कि मानसिक और अस्तित्वगत संघर्ष की एक कहानी है।
इमान की कहानी उन लाखों महिलाओं का प्रतिनिधित्व करती है जो इस संघर्ष में फंसी हैं। मधुमेह और रक्त के थक्के जमने की बीमारी से जूझ रही इमान के लिए गर्भावस्था और प्रसव एक अत्यंत कठिन अनुभव था। उत्तर गाजा से विस्थापित होकर दक्षिण आने के दौरान पोषण की कमी ने उनकी स्थिति को और खराब कर दिया। उनके बच्चे वार्ड का जन्म समय से पहले हुआ, जिससे स्वास्थ्य संबंधी जटिलताएं और बढ़ गईं।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि गाजा में स्वास्थ्य सेवाओं का पतन केवल चिकित्सा उपकरणों की कमी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पोषण और बुनियादी स्वच्छता के अभाव के कारण आने वाली पीढ़ी के स्वास्थ्य को स्थायी रूप से प्रभावित कर रहा है। स्तनपान करने वाली माताओं का कुपोषण सीधे तौर पर शिशु मृत्यु दर को बढ़ाने वाला एक प्रमुख कारक बन गया है।
“विस्थापन, मृत्यु और आर्थिक तंगी ने न केवल महिलाओं के स्वास्थ्य को बल्कि स्तनपान के प्रति उनके विश्वास और समझ को भी प्रभावित किया है।” — सबरीन अल-बुहाइसी, नर्सिंग मैनेजर।
स्वास्थ्य केंद्र में सबरीन अल-बुहाइसी जैसी विशेषज्ञ महिलाएं हर महीने 400 से 500 महिलाओं को सहायता प्रदान करती हैं। यह केंद्र केवल परामर्श ही नहीं देता, बल्कि पूरे परिवार को शामिल करता है ताकि महिलाएं एक सुरक्षित वातावरण महसूस कर सकें। यह 'सेफ स्पेस' उन महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है जो निरंतर हवाई हमलों और विस्थापन के डर में जी रही हैं।
दूसरी ओर, 23 वर्षीय हिबा अल-मिसरी की कहानी और भी हृदयविदारक है। उन्होंने युद्ध के शुरुआती महीनों में अपनी तीसरी बेटी को खो दिया। अब, वह अपने तीन महीने के बेटे युसुफ को एक ऐसे तंबू में स्तनपान कराने की कोशिश करती हैं जहाँ 15 लोग एक साथ रहते हैं। गोपनीयता का अभाव और अत्यधिक थकान उनके लिए दैनिक संघर्ष का हिस्सा है।
स्तनपान के सामने मुख्य बाधाएं
| बाधा का प्रकार | प्रभाव |
|---|---|
| पोषण | माताओं में दूध उत्पादन में कमी और कमजोरी |
| मनोवैज्ञानिक | तनाव और डर के कारण दूध के प्रवाह में समस्या |
| संसाधन | साफ पानी और मेडिकल क्रीमों की भारी कमी |
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: गाजा में स्तनपान कराने वाली माताओं को सबसे बड़ी समस्या क्या है?
उत्तर: मुख्य समस्याओं में कुपोषण, अत्यधिक मानसिक तनाव, साफ पानी की कमी और चिकित्सा आपूर्ति (जैसे क्रीम) का न मिलना शामिल है।
प्रश्न 2: क्या स्वास्थ्य केंद्र परिवारों की मदद करते हैं?
उत्तर: हाँ, स्वास्थ्य केंद्र केवल महिलाओं को ही नहीं, बल्कि उनके परिवारों को भी स्तनपान के महत्व और सहायता के बारे में शिक्षित करते हैं।