इजरायली सरकार ने वेस्ट बैंक के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण 'E1' क्षेत्र में 1,200 से अधिक नए घरों के निर्माण के लिए निविदाएं खोल दी हैं, जो फिलिस्तीनी राज्य की संभावनाओं को पूरी तरह समाप्त कर सकता है।
- इजरायल ने E1 क्षेत्र में 1,234 नए घरों के निर्माण के लिए निविदाएं आमंत्रित की हैं।
- यह परियोजना वेस्ट बैंक को उत्तर और दक्षिण में विभाजित कर सकती है।
- निविदाओं की समय सीमा इजरायल के आगामी अक्टूबर चुनावों से ठीक पहले है।
- अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने इन बस्तियों को अवैध और शांति प्रक्रिया के लिए खतरा बताया है।
इजरायल ने विवादित 'E1' क्षेत्र में लगभग 1,200 नई बस्ती बस्तियों के निर्माण के लिए आधिकारिक रूप से निविदाएं (tenders) जारी कर दी हैं। यह कदम वेस्ट बैंक के एक अत्यंत महत्वपूर्ण रणनीतिक हिस्से में उठाया गया है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फिलिस्तीनी राष्ट्रवाद और दो-राज्य समाधान (two-state solution) के लिए एक निर्णायक प्रहार माना जा रहा है।
यह विकास योजना यरूशलेम के पूर्व में स्थित 'E1' क्षेत्र पर केंद्रित है। यदि यह निर्माण पूरा होता है, तो यह प्रभावी रूप से वेस्ट बैंक को दो हिस्सों में विभाजित कर देगा और पूर्वी यरूशलेम को शेष फिलिस्तीनी क्षेत्रों से अलग-थलग कर देगा। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम भविष्य में एक संहत (contiguous) फिलिस्तीनी राज्य के निर्माण की किसी भी संभावना को समाप्त कर देगा।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इजरायल सरकार द्वारा चुनावों से ठीक पहले इन निविदाओं को जारी करना एक सोची-समझी राजनीतिक रणनीति है। निविदाओं की समय सीमा 19 अक्टूबर तक है, जो 27 अक्टूबर को होने वाले इजरायली आम चुनावों से मात्र कुछ दिन पहले समाप्त हो रही है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि ठेकेदारों के साथ अनुबंध किए जाने के बाद, किसी भी भविष्य की सरकार के लिए इन परियोजनाओं को रद्द करना कानूनी और प्रशासनिक रूप से बेहद कठिन हो जाएगा।
यह परियोजना केवल निर्माण नहीं है, बल्कि भौगोलिक रूप से फिलिस्तीनी भविष्य को मिटाने का एक प्रयास है।
इजरायल ने 1967 के युद्ध के बाद से वेस्ट बैंक और पूर्वी यरूशलेम पर कब्जा कर लिया है। वर्तमान में, वहां लगभग 700,000 यहूदी बसें हैं, जबकि 3.3 मिलियन फिलिस्तीनी उन्हीं के बीच रह रहे हैं। वित्त मंत्री बेज़ालल स्मोट्रिच ने स्पष्ट रूप से कहा था कि इस परियोजना का उद्देश्य फिलिस्तीनी राज्य के विचार को 'मिटाना' है।
इस परियोजना का सबसे गंभीर प्रभाव स्थानीय समुदायों पर पड़ेगा। 'स्टॉप द वॉल' अभियान के कार्यकर्ता जमाल जुमा के अनुसार, इस निर्माण से 40 से अधिक बेडौइन (Bedouin) समुदायों को विस्थापित होना पड़ेगा, जिससे परिवारों और सामाजिक संरचनाओं का विनाश होगा।
| विशेषता | वर्तमान स्थिति | E1 परियोजना के बाद |
|---|---|---|
| वेस्ट बैंक का भूगोल | उत्तर और दक्षिण आपस में जुड़े हुए हैं | दो अलग-अलग हिस्सों में विभाजित |
| पूर्वी यरूशलेम | फिलिस्तीनी क्षेत्रों से जुड़ाव की संभावना | पूरी तरह अलग-थलग |
| दो-राज्य समाधान | राजनयिक रूप से संभव | भौगोलिक रूप से असंभव |
Frequently Asked Questions
1. E1 क्षेत्र का क्या महत्व है?
E1 क्षेत्र यरूशलेम और माले अदादिम के बीच स्थित है। इसका निर्माण वेस्ट बैंक के भौगोलिक जुड़ाव को तोड़ देता है।
2. यह चुनाव से पहले क्यों किया जा रहा है?
ताकि अनुबंधों को कानूनी रूप से इतना मजबूत बना दिया जाए कि नई सरकार भी उन्हें आसानी से न बदल सके।