FBI के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, अमेरिका में कुल घृणा अपराधों में 7% की कमी आई है, लेकिन सिख और हिंदू समुदायों को निशाना बनाने वाली घटनाओं में खतरनाक वृद्धि देखी गई है।
- अमेरिका में कुल घृणा अपराध 2024 की तुलना में 7% कम हुए हैं।
- सिख विरोधी अपराधों में 24.34% और हिंदू विरोधी अपराधों में 28% की वृद्धि हुई है।
- FBI डेटा के अनुसार, धार्मिक आधार पर होने वाले अपराधों में विशिष्ट समुदायों को निशाना बनाया जा रहा है।
एफ़बीआई (FBI) द्वारा जारी नवीनतम आंकड़ों ने अमेरिका में सामाजिक सुरक्षा की एक चिंताजनक तस्वीर पेश की है। जहाँ एक ओर देश में कुल घृणा अपराधों (Hate Crimes) की रिपोर्टों में 7% की गिरावट दर्ज की गई है, वहीं दूसरी ओर भारतीय मूल के समुदायों, विशेषकर सिख और हिंदू समुदायों के खिलाफ लक्षित हिंसा में अप्रत्याशित वृद्धि देखी गई है।
वर्ष 2025 में कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने कुल 10,606 घृणा अपराधों की रिपोर्ट की, जो 2024 के 11,404 मामलों से कम है। हालांकि, इस गिरावट के पीछे का सच काफी जटिल है। डेटा से पता चलता है कि धार्मिक पूर्वाग्रह से प्रेरित अपराधों में सिख और हिंदू समुदायों के प्रति नफरत का स्तर बढ़ रहा है।
आंकड़ों का विश्लेषण: बढ़ता खतरा
FBI के आंकड़ों के अनुसार, 2025 में धार्मिक पूर्वाग्रह से प्रेरित 2,703 एकल-पूर्वाग्रह अपराध दर्ज किए गए। इनमें से सिख विरोधी पूर्वाग्रह के 189 मामले (7%) सामने आए, जो पिछले वर्ष के 152 मामलों से कहीं अधिक हैं। इसी तरह, हिंदू विरोधी पूर्वाग्रह के 32 मामले दर्ज किए गए, जो 2024 के 25 मामलों की तुलना में 28% की वृद्धि दर्शाते हैं।
| समुदाय | 2024 के मामले | 2025 के मामले | वृद्धि प्रतिशत |
|---|---|---|---|
| सिख विरोधी | 152 | 189 | ~24.34% |
| हिंदू विरोधी | 25 | 32 | 28% |
इसके अतिरिक्त, नस्ल, जातीयता और पूर्वज आधारित पूर्वाग्रह के तहत 7,200 अपराध दर्ज किए गए, जिसमें एशियाई विरोधी पूर्वाग्रह का हिस्सा 5.8% रहा। हालांकि, FBI की रिपोर्ट में भारतीय अमेरिकियों को एक अलग नस्लीय समूह के रूप में वर्गीकृत नहीं किया गया है, जिससे सटीक डेटा प्राप्त करने में चुनौती आती है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि कुल अपराधों में कमी आना यह नहीं दर्शाता कि समाज अधिक सुरक्षित हो रहा है। इसके विपरीत, विशिष्ट धार्मिक समूहों पर केंद्रित हमलों में वृद्धि यह संकेत देती है कि नफरत का स्वरूप बदल रहा है और यह अधिक लक्षित (targeted) होता जा रहा है। यह प्रवासी समुदायों के बीच असुरक्षा की भावना को गहरा कर सकता है।
असली खतरा यह नहीं है कि नफरत का समाधान नहीं हो रहा है, बल्कि यह है कि यह नफरत अदृश्य होती जा रही है।
एशियन अमेरिकन्स एडवांस्ड जस्टिस के एंटी-हेट प्रोग्राम के निदेशक, सिम जे. सिंह अत्तारीवाला ने चेतावनी दी है कि यदि नागरिक अधिकार प्रवर्तन को कमजोर किया जाता है, तो इसका प्रभाव वाशिंगटन डी.सी. से कहीं आगे तक महसूस किया जाएगा।
Frequently Asked Questions
1. क्या अमेरिका में सभी प्रकार के घृणा अपराध कम हुए हैं?
नहीं, कुल अपराधों में 7% की कमी आई है, लेकिन सिख और हिंदू विरोधी अपराधों में वृद्धि हुई है।
2. FBI डेटा में भारतीय मूल के लोगों को कैसे वर्गीकृत किया जाता है?
FBI भारतीय अमेरिकियों को अलग नस्लीय समूह के रूप में नहीं रखता, उन्हें अक्सर धार्मिक या नस्लीय श्रेणियों के तहत वर्गीकृत किया जाता है।