शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन से पहले पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन ने बिश्केक में मुलाकात की, जहाँ मोदी ने यूक्रेन युद्ध को समाप्त कर शांति की दिशा में बढ़ने का आह्वान किया।
- पीएम मोदी ने 'Endless War' से 'End of War' की ओर बढ़ने की अपील की।
- भारत और रूस के बीच व्यापार टर्नओवर में 2% की वृद्धि दर्ज की गई।
- सितंबर में BRICS शिखर सम्मेलन के लिए राष्ट्रपति पुतिन भारत का दौरा करेंगे।
- दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और वैकल्पिक सप्लाई रूट पर चर्चा की।
किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के इतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच एक उच्च स्तरीय द्विपक्षीय बैठक हुई। आधे घंटे से अधिक समय तक चली इस मुलाकात में वैश्विक शांति, आर्थिक सहयोग और रणनीतिक साझेदारी जैसे गंभीर मुद्दों पर गहन मंथन किया गया।
बैठक का मुख्य केंद्र यूक्रेन युद्ध रहा। पीएम मोदी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मानवता की भलाई के लिए दुनिया को अब 'अंतहीन युद्ध' (Endless War) की मानसिकता को छोड़कर 'युद्ध के अंत' (End of War) की ओर बढ़ना होगा। उन्होंने दोहराया कि भारत किसी भी समस्या के शांतिपूर्ण समाधान और संवाद का पुरजोर समर्थन करता है, क्योंकि वर्तमान वैश्विक अस्थिरता में पूरी मानवता को शांति की आवश्यकता है।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि यह मुलाकात केवल एक औपचारिक भेंट नहीं थी, बल्कि पश्चिमी देशों द्वारा रूस पर लगाए गए कड़े प्रतिबंधों के बीच भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का एक शक्तिशाली प्रदर्शन था। यह संदेश स्पष्ट है कि भारत अपने राष्ट्रीय हितों और रूस के साथ अपने ऐतिहासिक संबंधों के बीच संतुलन बनाए रखने में सक्षम है।
"मोदी-पुतिन की यह बातचीत वैश्विक दक्षिण (Global South) के नेतृत्व और बहुध्रुवीय विश्व व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।"
आर्थिक मोर्चे पर, राष्ट्रपति पुतिन ने भारत के साथ मजबूत होते संबंधों की सराहना की। उन्होंने बताया कि दोनों देशों के बीच व्यापार टर्नओवर में 2% से अधिक की वृद्धि हुई है। विशेष रूप से पर्यटन क्षेत्र में उल्लेखनीय उछाल देखा गया है, जहाँ 2025 में पर्यटकों की आवाजाही में 16% की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
बैठक के दौरान सितंबर में नई दिल्ली में होने वाले BRICS शिखर सम्मेलन पर भी चर्चा हुई, जिसमें पुतिन के शामिल होने की पुष्टि हुई। इसके अलावा, दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और वैकल्पिक सप्लाई चेन विकसित करने पर सहमति जताई ताकि वैश्विक व्यापार बाधाओं को कम किया जा सके।
मुलाकात के बाद दोनों नेताओं की 'कार डिप्लोमेसी' एक बार फिर चर्चा में रही, जब वे एक ही वाहन में Nomad Games कार्यक्रम के लिए रवाना हुए। यह दृश्य दोनों देशों के बीच व्यक्तिगत केमिस्ट्री और रणनीतिक एकजुटता को दर्शाता है।
| क्षेत्र | विकास/स्थिति |
|---|---|
| व्यापार टर्नओवर | 2% की वृद्धि |
| पर्यटन आवाजाही (2025) | 16% की वृद्धि |
| मुख्य एजेंडा | शांति, कनेक्टिविटी, BRICS |
Frequently Asked Questions
1. पीएम मोदी ने यूक्रेन युद्ध पर क्या स्टैंड लिया?
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया को 'अंतहीन युद्ध' से 'युद्ध के अंत' की ओर बढ़ना चाहिए और सभी समस्याओं का समाधान शांतिपूर्ण संवाद से होना चाहिए।
2. राष्ट्रपति पुतिन की अगली भारत यात्रा कब है?
राष्ट्रपति पुतिन सितंबर में नई दिल्ली में आयोजित होने वाले BRICS शिखर सम्मेलन के लिए भारत आएंगे।