बीबीसी की एक विशेष रिपोर्ट के अनुसार, इजरायली सेना लेबनान के दक्षिणी हिस्सों में अपनी स्थिति मजबूत कर रही है और नए सैन्य ठिकाने बना रही है। यूएन शांति सैनिकों (UNIFIL) के साथ यात्रा के दौरान कब्जे वाले क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर तोड़फोड़ और बुनियादी ढांचे के विनाश के प्रमाण मिले हैं।
- इजरायली सेना लेबनान के दक्षिणी क्षेत्र में अपनी सैन्य उपस्थिति और सुरक्षा घेरा बढ़ा रही है।
- यूएन शांति सैनिकों (UNIFIL) ने कब्जे वाले क्षेत्रों में इजरायली सेना द्वारा नए सैन्य ठिकानों के निर्माण की पुष्टि की है।
- मानवाधिकार समूहों ने नागरिक बुनियादी ढांचे के विनाश को युद्ध अपराध की श्रेणी में रखने की चेतावनी दी है।
दक्षिण लेबनान की भूमध्यसागरीय तट के पास की सड़कें अब सुनसान और वीरान हो चुकी हैं। जहाँ कभी लहलहाते खेत थे, वहाँ अब केवल इजरायली हवाई हमलों से तबाह हुए खंडहर और छोड़े गए घर दिखाई देते हैं। नाकुरा (Naqoura) के पास, लेबनानी सेना का अंतिम चेकपॉइंट दिखाई देता है, लेकिन उसके कुछ ही मील दक्षिण में, इजरायली झंडों की मौजूदगी यह स्पष्ट कर देती है कि यहाँ अब इजरायली नियंत्रण है।
बीबीसी की टीम ने हाल ही में लेबनान में संयुक्त राष्ट्र शांति सेना, UNIFIL के एक मानवीय मिशन के साथ इस क्षेत्र का दौरा किया। इस यात्रा के दौरान देखा गया कि इजरायली सेना न केवल अपनी चौकियां स्थापित कर रही है, बल्कि गांवों को पूरी तरह से समतल कर रही है। जून में युद्धविराम की घोषणा के बाद भी हवाई हमले और तोड़फोड़ की गतिविधियां जारी हैं।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि लेबनान में इजरायल की यह बढ़ती उपस्थिति केवल एक अस्थायी सैन्य अभियान नहीं है, बल्कि एक स्थायी 'सुरक्षा क्षेत्र' बनाने की रणनीति है। यदि इजरायल लेबनान के लगभग 5% क्षेत्र पर अपना नियंत्रण बनाए रखता है, तो यह मध्य पूर्व में शक्ति संतुलन को स्थायी रूप से बदल सकता है और लेबनानी संप्रभुता के लिए एक बड़ा खतरा पैदा कर सकता है।
इजरायली सेना द्वारा लेबनान के भीतर नए सैन्य ठिकानों का निर्माण और बुनियादी ढांचे का विनाश इस क्षेत्र में एक दीर्घकालिक सैन्य कब्जे का संकेत देता है।
इजरायली रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज़ ने स्पष्ट किया है कि सेना को क्षेत्र में दीर्घकालिक उपस्थिति के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। इजरायली अधिकारियों का तर्क है कि यह 'सुरक्षा क्षेत्र' उत्तरी इजरायल को हिजबुल्लाह के रॉकेटों और ड्रोन हमलों से बचाने के लिए आवश्यक है। UNIFIL के अनुसार, इजरायली सेना ने अब तक चार नए आधार स्थापित किए हैं, जिससे कुल सैन्य ठिकानों की संख्या नौ हो गई है।
इस बीच, मानवाधिकार समूहों ने चिंता जताई है कि इजरायल द्वारा नागरिक बुनियादी ढांचे का जानबूझकर किया जा रहा विनाश युद्ध अपराधों के दायरे में आ सकता है। इजरायली सेना ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि वे हिजबुल्लाह के सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहे हैं और अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुसार कार्य कर रहे हैं।
Frequently Asked Questions
1. क्या लेबनान में युद्धविराम लागू है?
हाँ, एक समझौता हुआ था, लेकिन इजरायली सैन्य गतिविधियों और हवाई हमलों के कारण बार-बार इसके उल्लंघन की खबरें आ रही हैं।
2. UNIFIL की क्या भूमिका है?
UNIFIL एक संयुक्त राष्ट्र शांति सेना है जो लेबनान में स्थिरता बनाए रखने और मानवीय सहायता सुनिश्चित करने का काम करती है।