भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर 26 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र के दौरान महत्वपूर्ण संबोधन देंगे। यह सत्र वैश्विक भू-राजनीतिक तनावों और बदलती विश्व व्यवस्था के बीच आयोजित हो रहा है।
- विदेश मंत्री एस. जयशंकर 26 सितंबर को दोपहर के सत्र में UNGA को संबोधित करेंगे।
- 81वां UNGA सत्र 8 सितंबर से शुरू हो रहा है, जबकि मुख्य बहस 22 से 28 सितंबर तक चलेगी।
- सत्र के दौरान अमेरिका-इजरायल-ईरान संघर्ष और जलवायु परिवर्तन जैसे गंभीर मुद्दों पर चर्चा होगी।
- संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस का यह अंतिम उच्च-स्तरीय सत्र होगा।
भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर आगामी 26 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें उच्च-स्तरीय सत्र में अपना महत्वपूर्ण भाषण देंगे। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, जयशंकर दोपहर के सत्र में दुनिया के शीर्ष नेताओं के बीच भारत का पक्ष रखेंगे। यह संबोधन ऐसे समय में हो रहा है जब वैश्विक कूटनीति अपने सबसे व्यस्त दौर से गुजर रही है।
संयुक्त राष्ट्र महासभा का यह 81वां सत्र 8 सितंबर से शुरू होगा, लेकिन मुख्य 'जनरल डिबेट' (General Debate) 22 सितंबर से 28 सितंबर तक चलेगी। इस वर्ष सत्र की अध्यक्षता बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान करेंगे। परंपरा के अनुसार, बहस की शुरुआत ब्राजील करेगा, जिसके बाद संयुक्त राज्य अमेरिका का नंबर आएगा।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, जयशंकर का यह संबोधन केवल एक औपचारिक भाषण नहीं है, बल्कि यह 'ग्लोबल साउथ' की आवाज को मजबूत करने का एक बड़ा अवसर है। वर्तमान में दुनिया मध्य पूर्व में जारी संघर्षों और आर्थिक अस्थिरता से जूझ रही है, जिससे विकासशील देशों पर खाद्य और ईंधन की कीमतों का भारी दबाव है।
जयशंकर का संबोधन वैश्विक भू-राजनीतिक बदलावों और भारत की बढ़ती कूटनीतिक शक्ति के बीच एक सेतु का काम करेगा।
इस वर्ष का सत्र अत्यंत चुनौतीपूर्ण वैश्विक परिस्थितियों में आयोजित किया जा रहा है। अमेरिका-इजरायल-ईरान के बीच चल रहे तनाव ने वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और विशेष रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के माध्यम से होने वाले व्यापार को प्रभावित किया है। इसके अलावा, जलवायु परिवर्तन और समुद्र के बढ़ते स्तर जैसे अस्तित्वगत खतरों पर भी उच्च-स्तरीय बैठकें आयोजित की जाएंगी।
एक महत्वपूर्ण मोड़ पर, यह सत्र वर्तमान महासचिव एंटोनियो गुटेरेस का अंतिम उच्च-स्तरीय सत्र भी होगा, क्योंकि उनका कार्यकाल इस साल दिसंबर में समाप्त हो रहा है। अब दुनिया की नजरें अगले महासचिव के चुनाव पर टिकी हैं, जिसमें पहली बार किसी महिला के नेतृत्व करने की संभावना पर चर्चा तेज है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
संयुक्त राष्ट्र महासभा दुनिया का सबसे बड़ा और सबसे समावेशी मंच है, जहाँ 193 सदस्य देश शामिल हैं। हर साल सितंबर में आयोजित होने वाला यह सत्र वैश्विक नीति निर्धारण का केंद्र होता है। पिछले वर्षों में, भारत ने यहाँ से हमेशा बहुपक्षवाद और शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व का संदेश दिया है।
Frequently Asked Questions
1. जयशंकर UNGA में कब भाषण देंगे?
विदेश मंत्री एस. जयशंकर 26 सितंबर को दोपहर के सत्र में संबोधित करेंगे।
2. इस वर्ष UNGA सत्र की अध्यक्षता कौन कर रहा है?
इस सत्र की अध्यक्षता बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान कर रहे हैं।