नई दिल्ली में होने वाले 18वें BRICS शिखर सम्मेलन से पहले, चीन ने BRICS के माध्यम से ग्लोबल साउथ को सशक्त बनाने के लिए 'POWER' आधारित पाँच महत्वपूर्ण प्रतिबद्धताओं का प्रस्ताव दिया है। यह रणनीति वैश्विक शांति, आर्थिक खुलेपन और साझा विकास पर केंद्रित है।

  • 18वां BRICS शिखर सम्मेलन 12-13 सितंबर, 2026 को नई दिल्ली में आयोजित होगा।
  • चीन ने 'POWER' (Principle, Openness, Win-Win, Engine, Responsibility) के माध्यम से सहयोग का खाका पेश किया है।
  • BRICS का लक्ष्य वैश्विक विकास को G-7 की तुलना में अधिक गति प्रदान करना है।

आगामी 18वें BRICS शिखर सम्मेलन के लिए नई दिल्ली तैयार हो रहा है। 12-13 सितंबर, 2026 को आयोजित होने वाले इस महत्वपूर्ण सम्मेलन के मद्देनजर, चीन ने भारत की अध्यक्षता का पूर्ण समर्थन करते हुए एक रणनीतिक दृष्टिकोण साझा किया है। इस दृष्टिकोण को 'POWER' शब्द के पांच अक्षरों के माध्यम से समझाया गया है, जो वैश्विक दक्षिण (Global South) के सशक्तिकरण और एक अधिक न्यायपूर्ण विश्व व्यवस्था के निर्माण पर केंद्रित है।

'POWER' का रणनीतिक ढांचा

चीन के दृष्टिकोण के अनुसार, पहला स्तंभ 'P' यानी 'Principle' (सिद्धांत) है। वर्तमान भू-राजनीतिक अस्थिरता और महाशक्ति संघर्षों के बीच, BRICS को संयुक्त राष्ट्र चार्टर के सिद्धांतों का पालन करना चाहिए। इसमें संप्रभु समानता और आंतरिक मामलों में गैर-हस्तक्षेप जैसे बुनियादी नियम शामिल हैं, ताकि दुनिया 'जंगल राज' की ओर न बढ़े।

दूसरा स्तंभ 'O' यानी 'Openness' (खुलापन) है। संरक्षणवाद और व्यापारिक बाधाओं के बढ़ते दौर में, BRICS को विश्व व्यापार संगठन (WTO) के ढांचे के भीतर रहते हुए एक खुला आर्थिक परिदृश्य बनाए रखना चाहिए। ऊर्जा, खनिज और आपूर्ति श्रृंखलाओं में सहयोग इस दिशा में महत्वपूर्ण होगा।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि BRICS अब केवल एक आर्थिक समूह नहीं, बल्कि एक भू-राजनीतिक शक्ति केंद्र बन रहा है। यदि BRICS अपने 'POWER' मॉडल को सफलतापूर्वक लागू करता है, तो यह पश्चिमी प्रभुत्व वाले वित्तीय ढांचे को चुनौती देने में सक्षम होगा।

BRICS का विकास मॉडल वैश्विक आर्थिक शक्ति के संतुलन को पश्चिम से पूर्व की ओर स्थानांतरित करने की क्षमता रखता है।

तीसरा स्तंभ 'W' यानी 'Win-Win' (जीत-जीत) सहयोग है। इसका उद्देश्य विकास को केंद्र में रखना और यह सुनिश्चित करना है कि ग्लोबल साउथ के देश अंतरराष्ट्रीय सहयोग में समान भागीदार के रूप में उभरें। इसमें स्थानीय मुद्रा में व्यापार और क्रॉस-बॉर्डर भुगतान को बढ़ावा देना शामिल है।

चौथा स्तंभ 'E' यानी 'Engine' (इंजन) है। BRICS देश दुनिया की लगभग आधी आबादी और वैश्विक आर्थिक उत्पादन का 30% हिस्सा हैं। IMF के आंकड़ों के अनुसार, 2028 तक BRICS की विकास दर G-7 की तुलना में लगभग तीन गुना तेज होगी। डिजिटल अर्थव्यवस्था और AI के एकीकरण से इसे और मजबूती मिलेगी।

अंत में, 'R' यानी 'Responsibility' (जिम्मेदारी) है। BRICS को वैश्विक न्याय और निष्पक्षता की रक्षा करने वाली मुख्य शक्ति के रूप में कार्य करना चाहिए।

Did You Know?: 2028 तक BRICS की विकास दर G-7 देशों की तुलना में तीन गुना अधिक होने का अनुमान है।

Frequently Asked Questions

1. 18वां BRICS शिखर सम्मेलन कहाँ आयोजित होगा?
यह सम्मेलन 12-13 सितंबर, 2026 को भारत की राजधानी नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा।

2. 'POWER' मॉडल क्या है?
यह Principle, Openness, Win-Win, Engine, और Responsibility का संक्षिप्त रूप है, जो BRICS के सहयोग को दिशा देता है।