अमेरिकी मिडटर्म चुनावों से ठीक पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता में भारी गिरावट दर्ज की गई है। ताजा सर्वे संकेत दे रहे हैं कि डेमोक्रेट्स हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में बहुमत हासिल कर सकते हैं, जिससे ट्रंप प्रशासन की राह कठिन हो जाएगी।
- डोनाल्ड ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग अब तक के सबसे निचले स्तर पर पहुंची।
- डेमोक्रेट्स को रिपब्लिकन की तुलना में 5% की बढ़त मिली है।
- हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में बहुमत के लिए डेमोक्रेट्स को केवल 3 सीटों की आवश्यकता है।
- ईरान युद्ध और अर्थव्यवस्था जनता की नाराजगी के मुख्य कारण।
अमेरिका में आगामी मिडटर्म चुनावों का काउंटडाउन शुरू हो चुका है और चुनाव से महज दो महीने पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए खतरे की घंटी बज गई है। रॉयटर्स और इप्सॉस द्वारा जारी एक ताजा सर्वेक्षण के अनुसार, ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग अपने अब तक के सबसे निचले स्तर (All-time Low) पर पहुंच गई है। यह गिरावट न केवल राष्ट्रपति की व्यक्तिगत छवि को प्रभावित कर रही है, बल्कि पूरी रिपब्लिकन पार्टी की विधायी पकड़ को कमजोर कर सकती है।
सर्वेक्षण के आंकड़े बताते हैं कि अमेरिकी मतदाता वर्तमान प्रशासन की विदेश नीति, विशेष रूप से ईरान युद्ध, और देश की अस्थिर अर्थव्यवस्था से गहरे असंतुष्ट हैं। जब रजिस्टर्ड वोटरों से पूछा गया कि वे किस पार्टी को वोट देंगे, तो डेमोक्रेट्स को रिपब्लिकन की तुलना में 5 प्रतिशत अंकों की स्पष्ट बढ़त मिली। इसके अलावा, डेमोक्रेट समर्थकों में मतदान को लेकर उत्साह का स्तर भी काफी अधिक देखा गया है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, मिडटर्म चुनाव वास्तव में राष्ट्रपति के कार्यकाल के बीच में लिया गया एक 'रिपोर्ट कार्ड' होता है। यदि रिपब्लिकन पार्टी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में अपनी बहुमत खो देती है, तो ट्रंप प्रशासन के खिलाफ कई संसदीय जांचें शुरू हो सकती हैं। इससे सरकार को महत्वपूर्ण कानूनों और बजट पर डेमोक्रेट्स के साथ कठिन समझौते करने पड़ेंगे, जिससे उनकी नीतिगत स्वायत्तता समाप्त हो जाएगी।
मिडटर्म चुनावों में राष्ट्रपति की लोकप्रियता का सीधा असर निचले सदन की सीटों पर पड़ता है, और वर्तमान रुझान रिपब्लिकन के लिए विनाशकारी साबित हो सकते हैं।
वर्तमान स्थिति पर नजर डालें तो हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में रिपब्लिकन के पास 218 सीटें हैं और डेमोक्रेट्स के पास 214। बहुमत के लिए डेमोक्रेट्स को केवल तीन सीटों की आवश्यकता है। लगभग 50 सीटों पर मुकाबला अत्यंत कड़ा है, जहाँ मामूली बदलाव पूरे परिणाम को पलट सकता है।
वहीं, सीनेट की स्थिति अभी भी अनिश्चित है, लेकिन यहाँ भी डेमोक्रेट्स को बहुमत के लिए रिपब्लिकन की चार सीटें जीतनी होंगी। यदि ऐसा होता है, तो ट्रंप द्वारा नामित न्यायिक नियुक्तियों और सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों की पुष्टि करने की शक्ति पर डेमोक्रेट्स का नियंत्रण बढ़ जाएगा।
ऐतिहासिक रूप से भी यह स्थिति रिपब्लिकन के खिलाफ है। 1938 के बाद से केवल दो बार ऐसा हुआ है जब राष्ट्रपति की पार्टी ने मिडटर्म चुनावों में हाउस में अपनी सीटों की संख्या बढ़ाई हो। यह परंपरा इस बार भी डेमोक्रेट्स के पक्ष में जाती दिख रही है।
| सदन (House/Senate) | रिपब्लिकन सीटें | डेमोक्रेट सीटें | बहुमत के लिए आवश्यक (डेमोक्रेट्स) |
|---|---|---|---|
| हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स | 218 | 214 | +3 सीटें |
| सीनेट | (प्रतिस्पर्धी) | (प्रतिस्पर्धी) | +4 सीटें |
Frequently Asked Questions
1. ट्रंप की रेटिंग गिरने का मुख्य कारण क्या है?
सर्वे के अनुसार, अमेरिकी जनता ईरान के साथ युद्ध और देश की आर्थिक स्थिति से खुश नहीं है।
2. यदि डेमोक्रेट्स हाउस जीत जाते हैं तो क्या होगा?
ट्रंप प्रशासन के खिलाफ जांच शुरू हो सकती है और महत्वपूर्ण कानूनों के लिए डेमोक्रेट्स की सहमति अनिवार्य हो जाएगी।