चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने BRICS देशों से पश्चिम एशिया में स्थिरता लाने और एकपक्षीय राजनीति का विरोध करने का आह्वान किया है। उन्होंने वैश्विक व्यवस्था में न्याय और समानता सुनिश्चित करने पर जोर दिया है।
- शी जिनपिंग ने BRICS को पश्चिम एशिया में शांति लाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
- चीन ने एकपक्षीयवाद और गुटबाजी की राजनीति का कड़ा विरोध किया।
- BRICS देशों को वैश्विक शासन में सुधार और न्यायपूर्ण अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की ओर बढ़ना चाहिए।
- राष्ट्रपति पुतिन और ईरान के राष्ट्रपति ने भी BRICS की बढ़ती वैश्विक विश्वसनीयता का समर्थन किया।
चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने शनिवार को एक महत्वपूर्ण संबोधन में कहा कि BRICS देशों को इतिहास के सही पक्ष में मजबूती से खड़ा होना चाहिए। उन्होंने इस समूह से पश्चिम एशिया (West Asia) में शांति स्थापित करने के लिए अपनी 'उचित भूमिका' निभाने का आग्रह किया। शी ने कहा कि पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र की बदलती स्थिति और वहां जारी युद्ध ने पूरे क्षेत्र के लोगों को गंभीर नुकसान पहुंचाया है, जो अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साझा हितों के खिलाफ है।
शी जिनपिंग ने BRICS देशों से नवाचार, शांति, स्थिरता और सभ्यताओं के बीच आपसी सीखने को बढ़ावा देने में अग्रणी बनने का आह्वान किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि BRICS को अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को अधिक न्याय और समानता की ओर ले जाना चाहिए और मानवता के लिए साझा भविष्य के निर्माण की दिशा में काम करना चाहिए।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि शी जिनपिंग का यह बयान वैश्विक शक्ति संतुलन में बदलाव का संकेत है। पश्चिम एशिया में अस्थिरता न केवल क्षेत्रीय बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा सुरक्षा को भी प्रभावित करती है। BRICS द्वारा शांति प्रयासों में शामिल होने का मतलब है कि उभरती अर्थव्यवस्थाएं अब पारंपरिक पश्चिमी प्रभुत्व वाले सुरक्षा ढांचे को चुनौती दे रही हैं।
BRICS अब केवल एक आर्थिक समूह नहीं, बल्कि वैश्विक सुरक्षा और भू-राजनीति में एक निर्णायक शक्ति के रूप में उभर रहा है।
चीनी राष्ट्रपति ने यह भी उल्लेख किया कि पिछले 20 वर्षों में BRICS देशों ने अपनी राष्ट्रीय स्थितियों के अनुरूप विकास के पथों की खोज की है, जो उभरते बाजारों के बीच एकता और आत्मनिर्भरता का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने 'शीत युद्ध की मानसिकता' और 'गुटों की प्रतिद्वंद्विता' का विरोध करने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
इस अवसर पर व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि BRICS की साझेदारी समानता और आपसी हितों के सम्मान पर आधारित है, जिससे इसकी वैश्विक विश्वसनीयता बढ़ रही है। वहीं, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन ने राष्ट्रीय संप्रभुता के सम्मान और नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमलों के खिलाफ खड़े होने की बात कही।
Frequently Asked Questions
1. शी जिनपिंग ने पश्चिम एशिया के बारे में क्या चिंता जताई?
उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया में युद्ध से लोगों को भारी नुकसान हो रहा है और यह वैश्विक शांति के लिए खतरा है।
2. पुतिन ने BRICS के बारे में क्या कहा?
पुतिन ने कहा कि BRICS की बढ़ती विश्वसनीयता इसके समानता और सांस्कृतिक विविधता के सिद्धांतों पर आधारित है।