यमन के हुथी विद्रोहियों ने लाल सागर के महत्वपूर्ण द्वीपों, ग्रेटर हनिश और लेसर हनिश पर नियंत्रण कर लिया है, जिससे वैश्विक शिपिंग मार्गों पर उनका शिकंजा और कस गया है।
- हुथी विद्रोहियों ने ग्रेटर हनिश और लेसर हनिश द्वीपों पर लड़ाके तैनात किए हैं।
- ये द्वीप बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य से 160 किलोमीटर उत्तर में स्थित हैं।
- विद्रोहियों ने हाल ही में मोखा शहर और मयून द्वीप पर भी कब्जा कर लिया है।
- इस संघर्ष से वैश्विक तेल आपूर्ति और कीमतों पर दबाव बढ़ने की आशंका है।
यमन में चल रहे संघर्ष के बीच, हुथी विद्रोहियों ने लाल सागर के दक्षिणी भाग में स्थित अत्यंत महत्वपूर्ण रणनीतिक द्वीपों पर अपना नियंत्रण मजबूत कर लिया है। सोमवार को यमनी सरकार और हुथी अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, विद्रोहियों ने ग्रेटर हनिश और लेसर हनिश द्वीपों पर अपने लड़ाकों को तैनात कर दिया है। ये द्वीप बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य से लगभग 160 किलोमीटर उत्तर में स्थित हैं, जो वैश्विक व्यापार के लिए एक महत्वपूर्ण मार्ग है।
रिपोर्टों के अनुसार, हुथी विद्रोहियों ने इन द्वीपों पर तब कब्जा किया जब सरकार के सहयोगी सैकड़ों सैनिक इस द्वीप समूह से पीछे हट गए। यह घटनाक्रम यमन में जारी अस्थिरता और सैन्य शक्ति के असंतुलन को दर्शाता है। पिछले सप्ताह ही विद्रोहियों ने महत्वपूर्ण बंदरगाह शहर मोखा और बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य के भीतर स्थित मयून द्वीप पर भी नियंत्रण हासिल कर लिया था, जो सऊदी अरब समर्थित यमनी सरकार के लिए एक बड़ा झटका है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि हुथी विद्रोहियों द्वारा इन द्वीपों पर नियंत्रण करना केवल स्थानीय संघर्ष नहीं है, बल्कि यह वैश्विक समुद्री सुरक्षा के लिए एक गंभीर खतरा है। लाल सागर के इन हिस्सों पर नियंत्रण का अर्थ है कि दुनिया के सबसे व्यस्त शिपिंग मार्गों पर हुथी विद्रोहियों की सीधी निगरानी और संभावित हस्तक्षेप होगा। इससे न केवल माल ढुलाई की लागत बढ़ेगी, बल्कि वैश्विक ऊर्जा बाजार में भी अस्थिरता पैदा होगी।
लाल सागर में बढ़ता हुथी नियंत्रण वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं के लिए एक 'ब्लैक स्वान' घटना साबित हो सकता है।
इस संघर्ष के विस्तार के साथ, यमनी सरकार ने लाल सागर तट पर और अधिक सेना भेजने का संकल्प लिया है। रविवार को संघर्ष और भी तेज हो गया जब सरकारी बलों ने विद्रोहियों पर हमला किया और बदले में हुथी लड़ाकों ने पड़ोसी देश सऊदी अरब की ओर भी गोलाबारी की। यह स्थिति पूरे क्षेत्र को एक बड़े युद्ध की ओर धकेल सकती है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
यमन का यह संघर्ष वर्षों से चल रहा है, जिसमें ईरान समर्थित हुथी और सऊदी समर्थित सरकार के बीच वर्चस्व की लड़ाई है। बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण जलमार्गों में से एक है, जो स्वेज नहर और हिंद महासागर को जोड़ता है। यहाँ नियंत्रण का अर्थ है वैश्विक तेल और गैस की आवाजाही पर नियंत्रण।
Frequently Asked Questions
1. हुथी विद्रोहियों ने किन द्वीपों पर कब्जा किया है?
हुथी विद्रोहियों ने ग्रेटर हनिश और लेसर हनिश द्वीपों पर कब्जा कर लिया है।
2. इस संघर्ष का वैश्विक अर्थव्यवस्था पर क्या प्रभाव पड़ेगा?
इससे शिपिंग लागत बढ़ सकती है और वैश्विक तेल की कीमतों में अस्थिरता आ सकती है।