स्पेन के अंडालूसिया क्षेत्र में लगी भीषण आग ने तबाही मचा दी है, जिसमें अब तक 12 लोगों की जान जा चुकी है। भीषण गर्मी और सूखे के कारण आग ने तेजी से भयावह रूप ले लिया है।
स्पेन के दक्षिणी प्रांत अल्मेरिया में लगी भीषण जंगल की आग ने एक बड़े मानवीय संकट का रूप ले लिया है। अंडालूसिया की क्षेत्रीय सरकार ने पुष्टि की है कि लोस गैलार्डोस में हुई आग की चपेट में आने से मरने वालों की संख्या अब बढ़कर 12 हो गई है। हाल ही में छह और मौतों की पुष्टि होने के बाद यह दुखद आंकड़ा सामने आया है।
आग का कारण और तात्कालिक स्थिति
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यह आग संभवतः एक बिजली का तार गिरने के कारण शुरू हुई होगी, जिसने सूखी वनस्पतियों में आग लगा दी। इसके बाद आग ने आसपास के जंगलों में इतनी तेजी से प्रसार किया कि बचाव कर्मियों के लिए इसे नियंत्रित करना चुनौतीपूर्ण हो गया। हालांकि, आधिकारिक तौरते अभी तक आग के सटीक कारणों की पुष्टि नहीं की गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने कई सड़कों को बंद कर दिया है और स्थानीय निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कर दिया है।
जलवायु परिवर्तन और भीषण गर्मी का प्रभाव
यह त्रासदी ऐसे समय में आई है जब स्पेन भीषण लू (Heatwave) की चपेट में है। अंडालूसिया के कई हिस्सों में 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है, जो मौसम विभाग की दूसरी सबसे ऊंची चेतावनी है। पिछले कुछ वर्षों में स्पेन में तापमान अक्सर 40 डिग्री सेल्सियस के पार चला जाता है, जिससे जंगल की आग लगने की घटनाएं अधिक बार और अधिक समय तक होने लगी हैं।
सरकारी प्रतिक्रिया और राहत कार्य
स्पेन की मिलिट्री इमरजेंसी यूनिट (UME) को आग बुझाने के बड़े अभियान में शामिल होने के लिए तैनात किया जा रहा है। अंडालूसिया के क्षेत्रीय प्रमुख जुआनमा मोरेनो ने इस घटना को एक 'त्रासदी' बताते हुए शोक व्यक्त किया है। वहीं, प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने पहले ही संकेत दिए थे कि इस साल स्पेन अपनी अब तक की सबसे बड़ी समर वाइल्डफायर रिस्पांस योजना लागू करेगा।