कलबुर्गी सेंट्रल जेल से फरार हुए तीन कैदियों में से एक को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना के बाद राज्य सरकार ने जेल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अधिकारियों को निलंबित कर दिया है।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • कलबुर्गी सेंट्रल जेल से फरार एक POCSO आरोपी पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार।
  • गिरफ्तारी के दौरान पुलिस पर हमला करने पर अधिकारी ने गोली चलाई।
  • लापरवाही के चलते जेल प्रशासन और संबंधित स्टाफ को निलंबित किया गया।
  • अन्य दो फरार कैदियों की तलाश में पुलिस की तीन विशेष टीमें तैनात।

कर्नाटक के कलबुर्गी जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां मंगलवार को सेंट्रल जेल से दीवार फांदकर फरार हुए तीन कैदियों में से एक को बुधवार सुबह पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान हुई हिंसक मुठभेड़ में पुलिस को गोली चलानी पड़ी, जिसमें आरोपी घायल हो गया।

मुठभेड़ और गिरफ्तारी का घटनाक्रम

पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, 28 वर्षीय संतोष बसप्पा मेट्रे, जो कि POCSO अधिनियम के तहत एक गंभीर मामले में जेल में बंद था, कलबुर्गी के बाहरी इलाके में स्थित कपनूर औद्योगिक क्षेत्र के पास देखा गया था। जब पुलिस की विशेष टीम ने उसे पकड़ने का प्रयास किया, तो उसने पुलिसकर्मियों पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए फराहताबाद पुलिस निरीक्षक हुसैन बाशा ने गोली चलाई, जिससे आरोपी घायल हो गया। वर्तमान में घायल पुलिसकर्मी और कैदी दोनों का इलाज गुलबर्गा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (GIMS) अस्पताल में चल रहा है।

जेल सुरक्षा में बड़ी चूक और सरकारी कार्रवाई

यह घटना कलबुर्गी सेंट्रल जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। तीन कैदी बैरक नंबर 5 से दीवार फांदकर भागने में सफल रहे, जिनमें से दो POCSO मामलों से जुड़े हैं और एक उम्रकैद की सजा काट रहा है। इस सुरक्षा चूक को देखते हुए कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियंक खड़गे ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने जेल अधिकारियों और संबंधित कर्मचारियों को कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

जांच और भविष्य की योजनाएं

पुलिस प्रशासन अब इस बात की गहराई से जांच कर रहा है कि क्या इस जेल ब्रेक में जेल के भीतर से किसी ने मदद की थी। यह भी पता लगाया जा रहा है कि कैदी रात के समय बैरक से बाहर कैसे निकले और सुरक्षा दीवार तक कैसे पहुंचे। गृह मंत्री ने घोषणा की है कि राज्य भर की जेलों का निरीक्षण किया जाएगा ताकि सुरक्षा प्रणालियों को अपग्रेड किया जा सके और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सके। अन्य दो फरार कैदियों, मस्तान और सागर भीमराया की तलाश के लिए छापेमारी जारी है।