गृह मंत्री अमित शाह ने आज दोपहर 3 बजे से कल दोपहर 3 बजे तक विपक्ष को संसद जाम सुलझाने के लिए 24‑घंटे का चर्चा विंडो देने का प्रस्ताव रखा। वह हाउस में मौजूद रहेंगे और सभी प्रश्नों का उत्तर देंगे।

मुख्य बिंदु

  • अमित शाह ने 24‑घंटे का चर्चा समय निर्धारित किया
  • वह बुधवार दोपहर 3 बजे से गुरुवार दोपहर 3 बजे तक हाउस में उपस्थित रहेंगे
  • विपक्ष के सभी प्रश्नों का उत्तर देने का वादा किया

नई दिल्ली (अप्रैल 12, 2026) — केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को संसद में चल रहे जाम को तोड़ने के लिए विपक्ष को 24‑घंटे का समय देने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि वे आज दोपहर 3 बजे से लेकर कल दोपहर 3 बजे तक हाउस में उपस्थित रहेंगे और सभी प्रश्नों का उत्तर देंगे।

शाह ने यह घोषणा भारत टुडे, आज तक और कई अन्य प्रमुख समाचार चैनलों के माध्यम से की। उनका कहना है कि यह कदम संसद की कार्यवाही को फिर से गति देने और राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा को पुनः प्रारंभ करने के लिए आवश्यक है।

विपक्ष ने पहले इस जाम को लेकर कई बार विरोध व्यक्त किया था, लेकिन इस नई पहल के बाद बातचीत की संभावना पर आशावाद दिखा है। कई संसद सदस्य ने इस प्रस्ताव का स्वागत किया और शीघ्र ही सवालों के जवाब की प्रतीक्षा में हैं।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that a swift resolution could restore legislative momentum, crucial for upcoming economic reforms and security policies. The 24‑hour window puts pressure on opposition parties to prioritize dialogue over obstruction.

"यदि विपक्ष इस समय का सदुपयोग नहीं करता, तो यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया की विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचा सकता है," कहा राजनीतिक विश्लेषक प्रफुल्ल बैनर्जी ने।
Did You Know?: भारत में संसद का सबसे लंबा जाम 2019 में 15 दिनों तक रहा था।

Frequently Asked Questions

  • प्रश्न: क्या विपक्ष ने इस 24‑घंटे के प्रस्ताव को स्वीकार किया है?
    उत्तर: अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है, लेकिन कई नेता इस पहल को सकारात्मक रूप से देख रहे हैं।
  • प्रश्न: यदि चर्चा विफल रहती है तो अगले कदम क्या होंगे?
    उत्तर: सरकार ने संकेत दिया है कि वह वैकल्पिक विधायी उपायों पर विचार करेगी, जिसमें विशेष सत्र बुलाना शामिल हो सकता है।