बैडमिंटन स्टार पी.वी. सिंधु ने विशाखापट्टनम में एक अत्याधुनिक बहु-खेल केंद्र की आधारशिला रखी, जो सात अलग-अलग खेलों के लिए विश्व स्तरीय सुविधाएं प्रदान करेगा।
मुख्य बातें
- पी.वी. सिंधु और मंत्री नारा लोकेश ने विशाखापट्टनम में फाउंडेशन स्टोन रखा।
- यह केंद्र बैडमिंटन, टेबल टेनिस, तैराकी, शूटिंग, फुटबॉल, बास्केटबॉल और शतरंज पर केंद्रित होगा।
- परियोजना का लक्ष्य 2028 तक पूरा होना है और यह लगभग 2 लाख वर्ग फुट में फैला होगा।
भारतीय बैडमिंटन आइकन पी.वी. सिंधु ने बुधवार को विशाखापट्टनम में 'पी.वी. सिंधु सेंटर फॉर स्पोर्ट्स एक्सीलेंस' की आधारशिला रखी। आंध्र प्रदेश के आईटी और एचआरडी मंत्री नारा लोकेश की उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य भारत की अगली पीढ़ी के ओलंपिक एथलीटों को तैयार करना है।
यह परियोजना केवल बैडमिंटन तक सीमित नहीं है। मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू के साथ चर्चा के बाद, इसे एक बहु-खेल केंद्र के रूप में विस्तारित किया गया है। यह केंद्र सात प्रमुख खेलों: बैडमिंटन, टेबल टेनिस, तैराकी, शूटिंग, फुटबॉल, बास्केटबॉल और शतरंज के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं प्रदान करेगा।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह केंद्र भारत में खेल बुनियादी ढांचे के विकास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। सिंधु ने इस परियोजना के लिए वैश्विक मानकों को अपनाने हेतु दोहा, मिलान और ऑस्ट्रेलिया जैसे केंद्रों का दौरा किया है ताकि वे दुनिया की सर्वश्रेष्ठ खेल सुविधाओं का अनुभव प्राप्त कर सकें।
"ओलंपिक पदक एक पीढ़ी को प्रेरित करते हैं, लेकिन संस्थान पीढ़ियों का निर्माण करते हैं।" - पी.वी. सिंधु
इस विशाल परिसर में 8,000 वर्ग फुट का एक 'हाई-परफॉर्मेंस इंजन रूम' भी होगा, जो भारत के सबसे बड़े स्ट्रेंथ और कंडीशनिंग एरेना में से एक होगा। इसमें स्पोर्ट्स साइंस, फिजियोथेरेपी और रिकवरी सिस्टम जैसी सुविधाएं शामिल होंगी।
उपलब्ध सुविधाएं एक नज़र में
| खेल | सुविधा का विवरण |
|---|---|
| बैडमिंटन | 9 अंतरराष्ट्रीय मानक कोर्ट |
| टेबल टेनिस | 9 पेशेवर ग्रेड टेबल |
| तैराकी | 25 मीटर प्रदर्शन पूल |
| शूटिंग | 10 मीटर और 25 मीटर इनडोर रेंज |
यह महत्वाकांक्षी परियोजना मई 2028 तक पूरी होने की उम्मीद है। सिंधु का सपना है कि इस संस्थान के माध्यम से देश के प्रतिभाशाली बच्चों को वह मंच मिले जो उन्हें विश्व स्तर पर पदक जीतने में मदद कर सके।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. यह केंद्र किन खेलों के लिए होगा?
यह बैडमिंटन, टेबल टेनिस, तैराकी, शूटिंग, फुटबॉल, बास्केटबॉल और शतरंज के लिए होगा।
2. यह कब तक तैयार हो जाएगा?
इस परियोजना के मई 2028 तक पूरा होने का लक्ष्य है।