छह दिनों के भारी बारिश और खराब मौसम के बाद अमरनाथ यात्रा फिर से शुरू हो गई है। जम्मू से 6,000 से अधिक श्रद्धालुओं का एक बड़ा जत्था बालटाल बेस कैंप के लिए रवाना हुआ है।
मुख्य बातें
- छह दिनों के निलंबन के बाद अमरनाथ यात्रा फिर से शुरू हुई।
- 6,269 श्रद्धालुओं का 18वां बैच जम्मू से बालटाल के लिए रवाना हुआ।
- भारी बारिश और भूस्खलन के कारण यात्रा रोकी गई थी।
- जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग अब यातायात के लिए सुलभ है।
जम्मू और कश्मीर में पिछले छह दिनों से जारी प्रतिकूल मौसम और भारी बारिश के बाद, वार्षिक अमरनाथ यात्रा शनिवार (25 जुलाई, 2026) को फिर से शुरू हो गई है। अधिकारियों ने पुष्टि की है कि जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप से 6,000 से अधिक श्रद्धालुओं का एक नया जत्था कश्मीर घाटी के बालटाल बेस कैंप के लिए रवाना हो गया है।
अधिकारियों के अनुसार, 18वें बैच में कुल 6,269 तीर्थयात्री शामिल हैं, जिनमें 1,470 महिलाएं, 25 बच्चे और 54 साधु शामिल हैं। सुरक्षा की दृष्टि से यह पूरा जत्था 223 वाहनों के काफिले के रूप में सुबह लगभग 2:40 बजे रवाना हुआ। हालांकि, सुरक्षा कारणों और मौसम के आकलन को देखते हुए फिलहाल पहलगाम मार्ग के लिए कोई काफिला नहीं भेजा गया है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, अमरनाथ यात्रा का सुचारू रूप से चलना न केवल धार्मिक आस्था का विषय है, बल्कि यह जम्मू-कश्मीर की स्थानीय अर्थव्यवस्था और पर्यटन के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। मौसम के कारण यात्रा में देरी से श्रद्धालुओं की सुरक्षा पर जोखिम बढ़ जाता है, इसलिए प्रशासन अत्यधिक सतर्कता बरत रहा है।
प्रशासन द्वारा सुरक्षा और मौसम की निगरानी के कड़े इंतजामों के कारण ही श्रद्धालुओं का विश्वास बना हुआ है।
गौरतलब है कि 19 जुलाई को लगातार हो रही बारिश और खराब दृश्यता के कारण यात्रा को एहतियात के तौर पर निलंबित कर दिया गया था। यात्रा के दोनों मार्ग—पारंपरिक 48-किमी लंबा पहलगाम मार्ग और छोटा 14-किमी लंबा बालटाल मार्ग—मौसम की मार झेल रहे थे। हाल ही में उधमपुर-रामबन खंड में भूस्खलन और पत्थरों के गिरने के कारण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग भी तीन दिनों तक बंद रहा था।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
अमरनाथ यात्रा प्रतिवर्ष आयोजित की जाने वाली एक महत्वपूर्ण हिंदू तीर्थयात्रा है, जहाँ श्रद्धालु 3,880 मीटर की ऊंचाई पर स्थित पवित्र गुफा में भगवान शिव के दर्शन के लिए जाते हैं। यह यात्रा कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और चुनौतीपूर्ण मौसम के बीच संपन्न होती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. अमरनाथ यात्रा कब समाप्त होगी?
इस वर्ष की यात्रा 28 अगस्त, रक्षाबंधन के अवसर पर समाप्त होने वाली है।
2. अब तक कितने श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं?
अब तक लगभग चार लाख श्रद्धालु पवित्र गुफा के दर्शन कर चुके हैं।